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पुलिस ने सौंपे केस संबंधी दस्तावेज, इलाहाबाद विवि प्रोफेसर मामले में कार्रवाई तेज

Fri, 24 Apr 2020 01:11 AM IST
विनोद सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
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Prayagraj News: Arrested Allahabad University Prof. Mohammed Shahid - फोटो : prayagraj
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विदेशी जमातियों को चोरी-छिपे शहर में शरण दिलाने के आरोपी इविवि प्रोफेसर मो. शाहिद पर दर्ज मामलों की कार्रवाई तेज कर दी गई है। विवि प्रशासन ने पुलिस को पत्र भेजकर प्रोफेसर के खिलाफ दर्ज मामले व उन पर की गई कार्रवाई का लिखित ब्यौरा मांगा है। जिस पर शिवकुटी पुलिस ने रिपोर्ट समेत केस संबंधी सभी दस्तावेज भेज दिए हैं। 

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इलाहाबाद विश्वविद्यालय के राजनीति विज्ञान विभाग के प्रोफेसर मो. शाहिद दो दिन पहले गिरफ्तार कर जेल भेजे गए थे। उन पर दिल्ली में आयोजित तबलीगी जमात के जलसे से लौटे सात इंडोनेशियाई समेत नौ जमातियों को चोरी-छिपे शाहगजं स्थित मुसाफिरखाने में ठहराने का आरोप है। पुलिस ने प्रोफेसर के वांछित होने की सूचना गिरफ्तारी से पहले ही विवि प्रशासन को भेज दी थी।

उधर, बृहस्पतिवार को विवि प्रशासन की ओर से शिवकुटी पुलिस को पत्र भेजकर प्रोफेसर पर दर्ज मुकदमे व उन पर की गई कार्रवाई संबंधी ब्यौरा मांगा। जिसके बाद शिवकुटी पुलिस की ओर से एफआईआर की कॉपी व कार्रवाई संबंधी अन्य दस्तावेज इविवि को भेज दिए गए। 

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prayagraj news - फोटो : prayagraj

दूसरों के जीवन को संकट में डाला

प्रोफेसर पर दर्ज दोनों मामलों में पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है। शिवकुटी में उन पर धारा 144 के उल्लंघन व महामारी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। पुलिस का कहना है कि प्रोफेसर दिल्ली में आयोजित तबलीगी जमात के जलसे में शामिल हुए और शहर में आने के बाद भी यह जानकारी छिपाए रहे। यही नहीं, विवि भी गए और सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों का भी पालन नहीं किया। पुलिस का कहना है कि उन्होंने जानबूझकर दूसरों के जीवन को संकट में डाला। शिवकुटी पुलिस का कहना है कि विवेचना जैसे ही पूूरी होती है, मामले में चार्जशीट लगाई जाएगी। 

prayagraj news - फोटो : prayagraj

जमातियों के मददगारों के जरिए हुई थी बात

उधर, शाहगंज में दर्ज मामले में उनका नाम आपराधिक साजिश के आरोप में प्रकाश में लाया गया है। पुलिस सूत्रों का कहना है कि प्रोफेसर की कॉल डिटेल में इंडोनशिया से आए जमातियों के मददगार के तौर पर आए दो मददगारों के नंबर पर बातचीत के सबूत मिले हैं। ऐसे में वीजा नियमों का उल्लंघन में फारेनर्स एक्ट के तहत आरोपी बनाए गए इंडोनेशियाई नागरिकों के साथ ही वह भी इसी कृत्य के दोषी बनते हैं। जल्द ही सभी के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की जाएगी।
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prayagraj news - फोटो : prayagraj

मुतवल्ली के संपर्क में भी थे 

पुलिस का यह भी कहना है कि इविवि प्रोफेसर के दिल्ली से लौटने के बाद अब्दुल्लाह मस्जिद मुसाफिरखाने में जाने की बात सामने नहीं आई है। लेकिन एक बात तो तय है कि वह मुतवल्ली वसीम के संपर्क में थे। यही वजह थी कि जब उनसे इंडोनेशियाई जमातियों को ठहराने की बात आई तो उनके कहने पर वसीम फौरन जंक्शन पहुंच गया और जमातियों को मुसाफिरखाने में ले आया। 
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