विधानसभा चुनाव को देखते हुए गुरुवार शाम यमुनापार के बारा इलाके में चेकिंग के दौरान पुलिस को एक कार में 50 लाख रुपये नगद मिले। नगदी में ज्यादातर दो हजार रुपये के नए नोट थे। कार सवार तीन लोगों में एक ने खुद को एसबीआई शंकरगढ़ शाखा बैंक का लिपिक बताया। रकम भी बैंक का बता रहा है, लेकिन वह कागजात नहीं दिखा सका। शक होने पर पुलिस ने बरामद कब्जे में ले ली। देरशाम खबर पाकर आयकर टीम भी बारा थाने पहुंची। नगदी वास्तव में बैंक की है या नहीं इसकी गहराई से छानबीन की जा रही है।
बारा में गुरुवार शाम एसडीएम राजकुमार द्विवेदी, सीओ बारा डॉ. केजी सिंह, फ्लाइंग एस्कार्ट के कार्यकारी मजिस्ट्रेट रामदयाल राम के नेतृत्व में चेकिंग चल रही थी। इसी दौरान शहर की तरफ से एक सफेद रंग की कार आई। कार में चालक समेत तीन लोग थे। तलाशी में कार की डिक्की से 50 लाख रुपये मिले। कार सवार एक युवक ने बताया कि वह एसबीआई शंकरगढ़ शाखा का लिपिक अक्षय सचान है। वह जानसेनगंज एसबीआई शाखा से बैंक की रकम लेकर आ रहा था। पुलिस ने निजी कार से रकम ले जाने के बाबत पूछा और नगदी से संबंधित कागजात मांगे।
कागजात से संतुष्ट न होने पर पुलिस नगदी लेकर थाने चली गई। बैंक मैनेजर को थाने बुलाया गया। खबर पाकर आयकर की टीम भी थाने पहुंच गई। सीओ बारा कृष्ण गोपाल सिंह ने बताया कि बैंक कर्मचारी निजी कार में रकम लेकर जा रहा था। पूरे कागजात न दिखा पाने के चलते बरामद नगदी को कब्जे में लिया गया है। आयकर टीम रकम की गहराई से छानबीन कर रही है। रकम बैंक की होगी तो वापस कर दिया जाएगा, वरना सीज कर उचित कार्रवाई की जाएगी।