पूर्व राज्यसभा सदस्य प्रमोद तिवारी ने प्रधानमंत्री के उस बयान की आलोचना की है, जिसमें प्रधानमंत्री ने कहा कि चीन न तो हमारी सीमा में घुसा है, और ना ही हमारी कोई पोस्ट किसी के कब्जे में है। उन्होंने पीएम के इस बयान को दुर्भाग्यपूर्ण बताया और कहा कि यह जाबाज शहीदों का अपमान है, जो भारत माता की रक्षा करते शहीद हुए। उन्होंने पीएम के इस बयान को जाने- अनजाने में चीन के दावों को मजबूत करने वाला बताया। कहा कि यह बयान 19 जून को सीमा विवाद पर बुलाई गई सर्वदलीय बैठक में दिया गया था।
उन्होंने सवाल खड़े किए कि क्या रक्षा मंत्री, विदेश मंत्री तथा सेटेलाइट की तस्वीरें झूठ बोल रही हैं? उन्होंने इसे 'महान हिमालयन ब्लंडर' बताया और कहा कि पीएम ने इसके पहले अब तक कई महान हिमालयन ब्लन्डर किये हैं, जिसमें नोटबंदी, जीएसटी, कोरोना में लॉकडाउन लगाने से पहले मज़दूरों, नौजवानों, छात्रों को घर पहुंचने के लिए हफ़्ते - 10 दिन का समय न देना, अमेरिकी परस्त नीति अपनाना, पड़ोसी मुल्कों से अपमानजनक तनावपूर्ण स्थिति बन्ना तथा चीन समस्या पर विदेश नीति के कारण माउंटेन स्ट्राइक कोर का गठन न करना जैसे मुद्दे शामिल है।
उन्होंने कहा कि 2011 में तत्कालीन प्रधानमंत्री डॉ मनमोहन सिंह और यूपीए की चेयरपर्सन सोनिया गांधी ने 65000 का रुपए के बजट से 90000 जांबाज जवानों की विशेष प्रशिक्षित वाहिनी का प्रथम डिविज़न का गठन किया था। इस विशेष प्रशिक्षित वाहिनी का गठन मात्र चीन से लड़ाई के लिए ही किया गया था। 2017 में माउंटेन स्ट्राइक कोर की द्वितीय डिवीजन का गठन किया जाना था लेकिन पीएम ने 2017 में चीन की यात्रा के बाद इस डिवीजन का गठन करने की बजाय माउंटेन स्ट्राइक कोर को अचानक बंद कर दिया और इसके पीछे तर्क दिया गया कि यह फिजूलखर्ची है और इसकी कोई उपयोगिता नहीं है।
इससे चीन के खिलाफ हमारी लड़ाई कमजोर हो गई और उसे लद्दाख सहित देश के दूसरे हिस्सों पर कब्जा करने का मार्ग मार्ग प्रशस्त हो गया। उन्होंने इसे सोची समझी रणनीति का हिस्सा बताया। पूर्व राज्यसभा सांसद ने पेट्रोल-डीजल के दामों में हो रही बढ़ोतरी पर भी चिंता जताई। कहा कि अंतरराष्ट्रीय मार्केट में तेल के दामों में गिरावट आई है लेकिन देश में डीजल- पेट्रोल के दाम बढ़ रहे हैं । उन्होंने इसे जनता की जेब पर डाका डालना बताया।
कहा कि रिलायंस ने तो अपने को कर्ज मुक्त कर लिया अब अडानी भी कर्ज मुक्त कर ले। यह जनता के साथ धोखा है और जनता के पैसों पर पूजीपतियों की तिजोरी भरी जा रही है। पूरे राज्य सभा सांसद ने पूर्व पीएम डॉ मनमोहन सिंह द्वारा पीएम मोदी को राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर बोलेने पर दिए गए नसीहत पर बीजेपी अध्यक्ष द्वारा किये गए पलटवार पर भी जवाब दिया। कहा कि डॉ मनमोहन सिंह पर देश की जनता पीएम नरेंद्र मोदी से अधिक भरोसा करती है । उन्होंने शिक्षक भर्ती को ब्यापम से भी बड़ा घोटाला बताया। कहा कि सही जांच हुई तो इसमें कई बड़े नाम सामने आएंगे।