इलाहाबाद। पीसीएम-2016 मुख्य परीक्षा स्थगित करने की मांग को लेकर प्रतियोगी छात्र संघर्ष समिति के शांतनु राय और अवनीश पांडेय ने शनिवार को बेमियादी अनशन शुरू कर दिया। आंदोलन के समर्थन में बड़ी संख्या में प्रतियोगी उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग पर जुटे। अनशन की बाबत उन्होंने आयोग के अलावा जिला प्रशासन को भी ज्ञापन सौंपा है। प्रतियोगी देर रात तक आयोग पर डटे रहे लेकिन उनसे कोई मिलने नहीं पहुंचा। प्रतियोगियों ने रविवार को शाम पांच बजे आयोग से न्याय मार्च निकालने की घोषणा की है। साथ में प्रतियोगियों का प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री तथा अन्य मंत्रियों से मिलकर उनके समक्ष मांग रखने की कोशिश करेगा।
पीसीएस मुख्य परीक्षा 20 सितंबर को शुरू होगी। इसके विपरीत कई प्रश्नों के जवाब पर आपत्ति उठाते हुए अभ्यर्थियों ने प्रारंभिक परीक्षा के रिजल्ट को हाईकोर्ट में चुनौती दी है। प्रतियोगी कोर्ट का फैसला आने तक परीक्षा न कराने की मांग कर रहे हैं। इस मांग के समर्थन में पूर्व घोषित कार्यक्रम के तहत प्रतियोगियों ने आयोग दफ्तर पर बेमियादी अनशन शुरू कर दिया। अनशन के समर्थन में सुबह नौ बजे से ही प्रतियोगियों के पहुंचने का क्रम शुरू हो गया। खास बात यह रही कि आंदोलन में प्रारंभिक परीक्षा में सफल अभ्यर्थी भी शामिल हुए। उनका कहना था कि आयोग की भर्तियों में गड़बड़ी की शिकायत है। पीसीएस प्रारंभिक परीक्षा में कई सवाल के गलत जवाब को आयोग ने सही मान लिया है। उनका कहना था कि इस गड़बड़ी के बावजूद प्रारंभिक परीक्षा में वे सफल जरूर हो गए लेकिन मुख्य परीक्षा में उन्हें इस तरह की गड़बड़ियों का शिकार होना पड़ सकता है। इसलिए वे भी आंदोलन के समर्थन में हैं।