सांस्कृतिक कुंभ में शुक्रवार को गायन, वादन और नृत्य की एक से बढ़कर एक प्रस्तुतियों पर संगीत प्रेमी भाव विभोर हुए। अनहद नाद में पद्मभूषण परवीन सुल्ताना के सुरों से कुंभ की निशा परवान चढ़ी। स्पिक मैके की ओर से त्रिवेणी मंच पर अनहद नाद के तहत शाम छह बजे पद्मभूषण बेगम परवीन सुल्ताना ने गायन प्रस्तुत किया।
पहली बार प्रयागरज आईं परवान सुल्ताना ने राग मारू विहाग में निबद्ध बंदिश से शुरुआत की। उनके साथ तबले पर पं विनोद लेले, हारमोनियम पर डॉ विनय मिश्र एवं तानपूरे पर तोमोका मुशिगा और शांभवी शुक्ला ने संगत की। इनके बाद पं कुशल दास ने सितार पर स्वरों का समन्वय किया। संचालन सेंटर ऑफ मीडिया स्टडीज की छात्रा आकांक्षा मिश्र और सादिया अनवर ने किया। इससे पहले संस्कृति विभाग के मंच पर पर्णिका की प्रस्तुति सराही गई।