भारतीय जनता पार्टी ने साजिश के तहत नंदी, हर्षवर्धन बाजपेयी की फोटो के साथ मेरा होर्डिंग तैयार कर लगाया। भाजपा को लगा रहा है कि अतीक अहमद की अहमियत है, इसलिए बालसन चौराहा से झूंसी तक 50 से अधिक होर्डिंग लगवा दिए। अभी से भाजपा का यह हाल है कि टिकट कटवाने की साजिश करके अमित शाह की फोटो से साथ होर्डिंग बनवा दिया। यह आरोप है सपा के पूर्व सांसद अतीक अहमद का।
बुधवार को संवाददाताओं से रूबरू अतीक ने कहा कि अमित शाह की रैली में भीड़ जुटाने के लिए इस तरह की होर्डिंग्स लगवाई गई। इसी वजह से रैली में भीड़ भी जुटी। कहा कि भाजपा में जाने का कोई सवाल ही नहीं है। आरोप लगाया कि अमित शाह जैसे लोग सांप्रदायिक आग लगाकर गरीबों को मरवाने और देश को बांटने का काम कर रहे हैं। ऐसे लोग देश को चला पाएंगे, यह उनकी भूल है। बताया कि होर्डिंग मामले में एसएसपी को तहरीर देकर जांच करके कार्रवाई की मांग की गई। दावा किया कि होर्डिंग्स किसने बनवाए और कहां बने, इसकी रिपोर्ट बुधवार शाम तक मिल जाएगी।
अतीक मीडिया पर भी हमला करने से नहीं चूके, बोले मीडिया ने नेता नहीं बनने दिया बल्कि माफिया बना दिया। उन्होंने कौशाम्बी में कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के व्यवहार पर भी सफाई दी। कहा कि मुख्यमंत्री जब विधवाओं को चेक वितरित कर रहे थे, उस दौरान उनके कान में मजाकिया लहजे में कुछ कहा तो सीएम ने कहा अभी चुप रहो, लेकिन मीडिया ने उसे गलत तरीके से दिखाया। राजू पाल हत्याकांड में सीबीआई जांच के मामले में अतीक ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट में सीबीआई जांच की मांग उन्होंने ही की थी, क्योंकि हत्याकांड से जुड़े साक्ष्यों में छेड़छाड़ की शिकायत थी। बताया कि सीबीआई भले इलाहाबाद में हो, लेकिन अब तक उनके अफसरों से मुलाकात नहीं हुई है। लोकसभा में फिर से जाने की इच्छा जताते हुए अतीक ने कहा कि विधानसभा चुनाव भाई अशरफ को लड़ाएंगे। चुनाव कहां से लड़ना है यह जल्द तय हो जाएगा।