सरायइनायत में 1.18 लाख रुपये के जाली नोट बरामदगी मामले में 25 हजार के इनामी मुख्य आरोपी विवेक यादव के खिलाफ जिला अदालत ने गैर जमानती वारंट (एनबीडब्ल्यू) जारी किया है। पुलिस को आशंका है कि आरोपी नेपाल में छिपा हुआ है। दो विशेष टीमें आरोपी की तलाश में दबिश दे रही हैं।
इसी वर्ष 31 मार्च को पुलिस ने जाली नोटों के गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया था। देवरिया निवासी गिरोह का सरगना विवेक यादव तभी से फरार चल रहा है। वह कई वर्षों से इस कारोबार में सक्रिय था। काली कमाई से उसने स्कॉर्पियो, थार और बुलेट जैसी महंगी गाड़ियां खरीदीं।
जिले के पुलिस अधिकारियों का कहना है कि विवेक यादव की गिरफ्तारी के बाद गिरोह से जुड़े कई बड़े खुलासे हो सकते हैं। मोबाइल लोकेशन के आधार पर दबिश दी जा रही है। सीडीआर खंगाले गए हैं। संपर्क में रहने वाले लोगों की सूची तैयार की जा रही है।
जाली नोटों को जिला पंचायत चुनाव में खपाने की थी तैयारी
पुलिस की जांच में पता चला कि जाली नोटों के इस नेटवर्क में विवेक यादव के अलावा भी कई अन्य लोग शामिल हो सकते हैं। आरोपी के गिरफ्तार होने पर परतें खुलेंगी। पुलिस ने कहा कि जाली नोटों को गिरोह देवरिया में आगामी जिला पंचायत चुनाव में खपाने की तैयारी कर रहा था।