वकील की हत्या के बाद चार घंटे तक कचहरी के आसपास का इलाका सुलगता रहा। पथराव, आगजनी और फायरिंग के बाद के जमकर बवाल हुआ। लक्ष्मी टॉकीज, जगराम चौराहा, आनंद हास्पिटल और नेतराम चौराहे पर पुलिस ने बैरीकेडिंग कर ट्रैफिक डायवर्ट कर दिया। बवाल शुरू होते ही कचहरी के आसपास स्थित कार्यालयों के गेट और दुकानों के शटर धड़ाधड़ बंद हो गए। भगदड़ और पथराव के बीच तमाम लोग विकास भवन, पीडब्ल्यूडी दफ्तर, सदर तहसील के भीतर घुस गए।
चार घंटे तक लोग ऑफिसों में दुबके रहे और बाहर माहौल शांत होने का इंतजार करते रहे। एससएसपी दफ्तर के सामने पुलिस और पीएसी जबकि जिला न्यायालय के भीतर से हजारों वकीलों के बीच गुरिल्ला युद्ध चलता रहा।
बुधवार दिन में डेढ़ बजे शुरू हुआ बवाल शाम लगभग साढ़े पांच बजे तक चला। आरएएफ के पहुंचने के बाद पुलिस पीछे हटी तो मामला ठंडा हुआ। तब जाकर लोग घरों के लिए रवाना हुए। वहीं बवाल के चलते कटरा, कचहरी के आसपास के बाजार बंद हो गए। व्यापारियों ने दुकानों का शटर गिरा कर सामान समेट लिया।