नवाब यूसुफ रोड पर सीवर लाइन बिछाने के काम की वजह से वहां से लेकर पानी टंकी पुल पर लगने वाले भीषण जाम की समस्या जल्द खत्म होने की आस बंध गई है। इस परेशानी को उजागर करने के लिए अमर उजाला के रविवार के अंक में ‘जहन्नुम’ जाएं पर नवाब यूसुफ रोड न जाएं’ शीर्षक से खबर प्रकाशित हुई तो जिला प्रशासन से लेकर नगर निगम, जलकल निगम और गंगा प्रदूषण इकाई के अफसर जाग गए। इन विभागों के अफसर रविवार को छुट्टी के दिन सड़क पर दौड़ते नजर आए। नगर आयुक्त और इकाई के महाप्रबंधक ने कार्यदायी संस्था को 10 दिसंबर तक सीवर लाइन का काम पूरा करने की सख्त हिदायत दी है।
पानी टंकी पर लगने वाली भीषण जाम की बड़ी वजह नवाब यूसुफ रोड पर हो रहा सीवर लाइन का काम है। बेहद धीमी गति से हो रहे इस काम से आम लोगों और स्कूली बच्चों को हो रही परेशानी के संबंध में अमर उजाला ‘मुसीबतों का पुल’ शीर्षक से खबरें प्रकाशित कर रहा है। रविवार को अमर उजाला में नवाब यूसुफ रोड का हाल बयां किया गया। इसके बाद डीएम संजय कुमार ने इकाई के जीएम को तलब कर नवाब यूसुफ रोड पर धीमी गति से हो रहे काम पर नाराजगी जताई। डीएम ने श्रमिकों की संख्या बढ़ाकर काम तेजी से पूरा कराने का आदेश दिया। डीएम के तल्ख तेवर के बाद एडीएम सिटी पुनीत शुक्ला, नगर आयुक्त शेष मणि पांडेय, जलकल निगम के मुख्य अभियंता अरविंद कुमार राकेश, गंगा प्रदूषण नियंत्रण इकाई के महाप्रबंधक अजेय रस्तोगी ने दिन में नवाब यूसुफ रोड का निरीक्षण किया। कार्यदायी संस्था के अफसरों को भी मौके पर बुलाया गया। उन्होंने बताया कि करीब ढाई किलोमीटर लंबी इस रोड के लगभग दो सौ मीटर हिस्से में सीवर लाइन बिछाने और चैंबर निर्माण का काम शेष है।
नगर आयुक्त ने इकाई एवं कार्यदायी संस्था के अफसरों को यह काम 10 दिसंबर तक हर हाल में पूरा करने की हिदायत दी। काम तेजी से पूरा हो, इसके लिए रात-दिन कराने का निर्देश दिया। जाम की गंभीर समस्या को देखते हुए नगर आयुक्त ने काम में किसी तरह की लापरवाही न करने की भी हिदायत दी। इकाई के जीएम अजेय रस्तोगी ने कार्यदायी संस्था के अफसरों को सोमवार से दिन-रात काम कराने का आदेश दिया।