कटरा के मनीष ने प्लान किया था कि नए साल में बच्चों के साथ पार्क जाएंगे और खाना भी रेस्टोरेंट मेें ही खाएंगे। मगर बारिश की वजह से वह घर से बाहर ही नहीं निकल सके। वहीं झलवा की सुप्रिया और उसके दोस्तों की योजना थी कि दोस्तों के साथ सारे दिन जमकर मस्ती करेंगे लेकिन सारी योजना धड़ाम हो गई। दोस्तों को फोन पर ही विश कर सब्र करना पड़ा। मनीष, सुप्रिया की तरह नए साल का जश्न मनाने के लिए सभी ने कुछ न कुछ योजनाएं बना रखी थी। मगर भोर से हो रही बारिश ने नए साल के सारे उत्साह को फीका कर दिया। बुधवार को जिस तरह से खिली धूप निकली थी, सभी को उम्मीद थी कि नए साल पर भी ऐसा ही खूबसूरत मौसम रहेगा।
बृहस्पतिवार की सुबह जब लोगों की नींद खुली तो बारिश ने उनका स्वागत किया। थोड़ी देर के लिए जब बारिश बंद हुई तो उम्मीद जगी की मौसम ठीक होगा, लेकिन थोड़ी देर में ही ऐसी बारिश शुरू हुई जो रात तक बंद ही नहीं हुई। बाहर निकलकर मौज मस्ती करने की चाहत के साथ लोग घरों में कैद हो कर रह गए। हालांकि बुधवार को मोबाइल और सोशल नेटवर्किंग साइट्स पर नए साल की शुभकामनाएं देने का सिललिसा जारी रहा। नए साल के लोगों को आकर्षित करने के लिए मॉल, शोरूम, होटलों और रेस्टोरेंट्स में विशेष तैयारियां भी धरी रह गईं। गिने-चुने लोगों के पहुंचने से उनका काफी नुकसान हुआ। तंदूर रेस्टोरेंट के मैनेजर अरुण शुक्ला ने बताया कि बारिश की वजह से उम्मीद के हिसाब से लोग नहीं पहुंचे। बुधवार की रात जहां लोग वेटिंग में थे, वहीं बृहस्पतिवार को काफी संख्या में लोग आए। बारिश की वजह से हमें होम डिलेवरी कैंसिल करनी पड़ी। होटल कान्हा श्याम के जनरल मैनेजर राजीव शांडिल्य ने बताया कि गाला डिनर के लिए लोगों ने बुकिंग कराई थी, लेकिन बारिश के कारण उन्हें कैंसिल कर दिया। जिस वजह से काफी नुकसान हुआ।