कुंभ से पहले शहर और आसपास के क्षेत्रों की सूरत बदलने के साथ लोगों की सहूलियतें भी बढ़ने लगी हैं। हर तरफ विकास कार्य दिखाई दे रहे हैं। आयोजन से करीब एक महीने पहले प्रयागराज आए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 4046 करोड़ रुपये की लागत से बनीं इन परियोजनाओं का लोकार्पण किया। इनमें बम्हरौली स्थित सिविल इन्क्लेव, शहर की सुरक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (आईसीसीसी), फ्लाईओवर समेत 377 निर्माण काम शामिल हैं। हालांकि, आरओबी, आयूबी, फ्लाईओवर पहले से ही शहरियों के लिए खोल दिए गए हैं। प्रधानमंत्री ने गंगा प्रदूषण नियंत्रण इकाई के 1700 करोड़ रुपये की परियोजना का शिलान्यास भी किया।
प्रधानमंत्री का हेलीकॉप्टर दिन में 1.34 बजे अरैल स्थित डीपीएस परिसर में उतरा। उनके साथ राज्यपाल रामनाईक, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी मौजूद रहे। हेलीपैड पर एडीजी, मंडलायुक्त, आईजी,डीएम आदि अफसरों ने स्वागत किया। वहां से वह संगम क्षेत्र में आईसीसीसी पहुंचे और उसका उद्घाटन किया। यह सेंटर प्रयागराज मेला प्राधिकरण के प्रशासनिक भवन में बना है। प्रधानमंत्री ने सेंटर का निरीक्षण करने के साथ ही इस पर बनी फिल्म भी देखी। मंडलायुक्त ने आईसीसीसी के बारे में जानकारी दी। वहां से वह संगम नोज पर पहुंचे और गंगा आरती की। फिर अक्षय वट का दर्शन किया। इसके बाद वह डीपीएस वापस हुए। वहां से अंदावा स्थित सभा स्थल पहुंचे। वहां उन्होंने कुंभ के मद्देनजर हुए 377 कार्यों का लोकार्पण किया। इनमें कई मार्गों का चौड़ीकरण, चौराहों का सौंदर्यीकरण, द्वादश बेणी माधव समेत अनेक निर्माण कार्य शामिल हैं। वहां से वह बमरौली एयरपोर्ट पहुंचे। वहां पर प्रधानमंत्री ने सिविल इन्क्लेव का उद्घाटन किया।
प्रयागराज। गंगा की निर्मलीकरण अभियान के क्रम में रविवार को प्रयागराज आए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक नींव और रखी। उन्होंने गंगा प्रदूषण नियंत्रण इकाई के करीब 1700 करोड़ रुपये की परियोजना का शिलान्यास किया। दावा है कि इस परियोजना के पूरे होने के बाद सीवेज का पानी सीधे गंगा में नहीं जाएगा। बल्कि इसका पहले ट्रीटमेंट होगा। फाफामऊ, नैनी, झूंसी में सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट का निर्माण होना है। इसी के साथ पाइप लाइन बिछाई जाएगी। प्रधानमंत्री ने इस परियोजनों का शिलान्यास किया। इसके अलावा नमामि गंगे योजना के अंतर्गत 150 घाटों का निर्माण तथा सुंदरीकरण होना है। 1700 करोड़ की परियोजना में यह कार्य भी शामिल हैं। इनमें से 50 घाटों का निर्माण कार्य पूरा भी हो चुका है।
प्रधानमंत्री ने प्रदर्शनी के माध्यम से कुंभ की तैयारियां देखीं। प्रदर्शनी अंदावा स्थित सभा स्थल पर लगाई गई थी। उन्होंने अफसरों से हर काम की जानकारी भी ली। इससे पहले उन्होंने संगम नोज पर स्वच्छ कुंभ पर आधारित प्रदर्शनी भी देखी। मंडलायुक्त ने प्रदर्शनी की ूपरी जानकारी दी।
संगम के अलावा पुलिस लाइन तथा नगर निगम में बन रहे इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (आईसीसीसी) को यातायात तथा सुरक्षा की दृष्टि से काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इसकी मदद से जिला तथा आसपास के क्षेत्र पर नजर रखी जाएगी। साथ में किसी घटना पर तत्काल राहत पहुंचाई जा सकेगी।
उद्घाटन और निरीक्षण के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अफसरों सेंटर के बारे में विस्तार से जानकारी दी। अफसरों का कहना था कि प्रमुख मार्गों तथा स्थलों पर 1198 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। सभी कैमरे सेंटर से जुड़े हैं, जिनकी मदद से चप्पे-चप्पे पर नजर रखी जा सकेगी। उनका कहना था कि कुंभ में भीड़ नियंत्रण में यह सेंटर काफी प्रभावी होगा।
जिले में किसी तरह की घटना की जानकारी मोबाइल से ‘1920’ नंबर पर दी जा सकती है। अफसरों का दावा है कि इसके आधे घंटे के भीतर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। कुंभ मेला क्षेत्र में यात्रियों की मदद के लिए 40 एलईडी स्क्रीन भी लगाई गई है। इनकी मदद से श्रद्धालुओं के लिए आवश्यक सूचनाएं प्रसारित की जाएंगी।
पीएम ने खिंचवाई फोटो
संगम तट पर प्रधानमंत्री के साथ राज्यपाल रामनाईक तथा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ‘भव्य कुंभ दिव्य कुंभ’ लोगो के समक्ष फोटो खिंचवाई। प्रधानमंत्री के साथ अन्य लोगों ने सेल्फी भी ली।