नगर निगम के अफसर काम को कितनी गंभीरता से करते है, इसका ताजा उदाहरण है एक ऐसे कर्मचारी की तैनाती जिसकी करीब तीन वर्ष पहले मौत हो चुकी है। इस कर्मचारी को नजूल विभाग से आईडीएएच स्टोर में तैनाती कर दिया। तैनाती का आदेश मुख्य अभियंता ने जारी किया। मृत कर्मचारी की तैनाती की भनक निगम के अन्य कर्मचारियों को लगी तो हड़कंप मच गया।
नगर निगम नजूल विभाग में आठ बेलदारों की जनकार्य विभाग के विभिन्न स्टोरों में तैनाती का आदेश 24 दिसंबर को जारी हुआ। इसमें बेलदार विजय कुमार, राजेंद्र कुमार एवं संगम लाल को आईडीएएच स्टोर, बेलदार राजबहादुर, मुरलीधर, राम निहोर को रसूलपुर स्टोर तथा बेलदार पंकज द्विवेदी एवं त्रिभुवन नाथ को लीडर रोड स्टोर में तैनात किया गया। इनमें से बेलदार विजय कुमार का निधन करीब तीन वर्ष पहले हो चुका है लेकिन मुख्य अभियंता कार्यालय के कर्मचारियों ने इस बेलदार को भी सूची में शामिल कर लिया।
मजे की बात यह कि उसकी पूर्व में तैनाती नजूल विभाग में भी दिखा दी, जबकि उसकी मृत्यु से संबंधित फाइल भी नजूल विभाग में है।
मुख्य अभियंता सतीश कुमार का कहना है कि उन्हें नगर निगम में आए अभी चार माह हुए हैं। इसलिए कर्मचारियों के बारे में खास जानकारी नहीं है। लिपिक ने सूची तैयारी की थी। सूची में तत्काल संशोधन कराया जाएगा। लिपिक के खिलाफ भी कार्रवाई होगी।