इलाहाबाद। सोरांव में बसपा की जनसभा में पार्टी सुप्रीमो मायावती पीएम मोदी के ‘गोद लिए बेटे’ वाले पर खूब बरसीं। कहा कि यूपी ने गोद लिए बेटे को गुजरात भेजने और और बेटी को गद्दी पर बैठाने का फै सला ले लिया है। दिनों में काम की बात करने वाले पीएम मोदी सालों में वादा पूरा नहीं कर पाए। मोदी के साथ सीएम अखिलेश को भी निशाने पर रखा। कह्रा, देश में दो चरणों के मतदान के बाद चाचा (मोदी) और भतीजे (अखिलेश) यह बात समझ चुके हैं कि जनता उन्हें पहचान गई है। इससे भाजपा नेताओं के चेहरे का नूर उड़ गया है। मुलायम पुत्र मोह में हैं और सपा का काम उनके परिवार के लोग ही तमाम करने में लगे हैं। माया ने उन्होंने दलितों, मुस्लिमों को रिझाने के लिए तमाम वादे किए और आरक्षण का कार्ड भी खेला।
सोरांव में मेवा लाल अयोध्या प्रसाद इंटर कॉलेज के खेल मैदान में शुक्रवार को इलाहाबाद और प्रतापगढ़ के प्रत्याशियों के लिए चुनावी जनसभा को संबोधित करते हुए प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने मुस्लिमों से बसपा के पक्ष में मतदान करने की अपील की। कहा कि केंद्र सरकार ने अपने पौने तीन साल के कार्यकाल में जनता से किए किसी वादे को पूरा नहीं किया। न किसी के खाते में पैसे डाले और न ही किसानों का कर्ज माफ किया। यूपी को छोड़ जिन राज्यों में भाजपा की सरकारें हैं, वहां सबसे ज्यादा किसान आत्महत्या कर रहे हैं।
मोदी की पार्टी आरएसएस का एजेंडा लागू कर दलितों को मिल रहा आरक्षण समाप्त करने की साजिश कर रही है। पदोन्नति में आरक्षण का मामला उलझा दिया है। बसपा इसे सफल नहीं होने देगी। जनता अब जाग चुकी है। इस चुनाव में उनकी हालत बिहार से भी ज्यादा खराब होने वाली है। नोटबंदी को निजी स्वार्थ में पूंजीपतियों और धन्ना सेठों को मालामाल करने वाला निर्णय बताया। कहा कि जनता का ध्यान बांट अपनी पार्टी के नेताओं का काला धन भाजपा ने पहले ही सफेद कर दिया। लोकसभा चुनाव में पीएम मोदी ने जो वादे किए वह हवाहवाई और जुमले बनकर रह गए।
मायावती ने अखिलेश सरकार को भी निशाने पर लिया। कहा कि प्रदेश में गुंडाराज, जंगलराज, भ्रष्टाचार चरम पर है। कानून व्यवस्था इस कदर खराब है कि शाम ढलते बहन-बेटियां घर से निकलने में कतराती हैं। जानमाल और मजहब को लेकर लोग चिंताग्रस्त हैं। मुस्लिमों का गोकशी, लवजेहाद, अपसंस्कृति के नाम पर उत्पीड़न किया जा रहा है। अल्पसंख्यकों में खासकर मुस्लिमों को आतंकी बता जेल में डाल दिया गया। बसपा की सरकार बनने पर ऐसे लोगों की स्क्रिनिंग करा बाहर निकाला जाएगा। उनके लिए पार्टी आरक्षण की भी पक्षधर है। कांग्रेस पर मौकापरस्ती में गठबंधन करने का ठीकरा फोड़ सीएम अखिलेश पर आक्रामक हुईं मायावती ने कहा कि प्रदेश में उनके समय से लागू बसपा सरकार की योजनाओं का नाम बदल लोगों को भरमाया गया। सपा ने विकास के नाम पर सिर्फ शिलान्यास कर जनता के करोड़ों रुपये प्रचार पर जाया कर दिए। प्रदेश के जो हालात हैं उसके लिए भाजपा के साथ सपा और कांग्रेस बराबर के जिम्मेदार हैं। उन्होंने सपा के स्लोगन काम बोलता है, पर कटाक्ष भी किया। बसपा सुप्रीमो मायावती ने दावा कि उनकी सभाओं में उमड़ी भीड़ इस बात का संकेत दे रही है कि प्रदेश में अगली सरकार उनकी ही बनेगी।