महाकुंभ के आखिरी स्नान पर्व महाशिवरात्रि पर श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए रेलवे प्रशासन ने प्रयागराज के आठ रेलवे स्टेशनों से 350 नियमित एवं स्पेशल ट्रेन चलाने की तैयारी की है। इस दौरान हर चार मिनट पर यात्रियों को ट्रेन उपलब्ध होगी।
महाशिवरात्रि को लेकर प्रयागराज, लखनऊ एवं वाराणसी मंडल के डीआरएम ने भी मोर्चा संभाल लिया है। उत्तर मध्य रेलवे, उत्तर रेलवे और पूर्वोत्तर रेलवे की ओर से ऑन डिमांड ट्रेनों का ही संचालन किया जाएगा, हालांकि कुछ स्पेशल ट्रेनों की समय सारिणी भी जारी की है।
मेले के लिए रेलवे ने 13,500 ट्रेनें चलाने की योजना बनाई थी, लेकिन श्रद्धालुओं की भीड़ के कारण महाकुंभ के 42वें दिन तक 15 हजार से अधिक नियमित और स्पेशल ट्रेनें चलाई जा चुकी हैं। इस बीच रेलवे ने भीड़ को देखते हुए वाणिज्य विभाग के 1,500, रेल सुरक्षा बल के 3,000 जवानों की तैनाती की है। रेलवे सुरक्षा विशेष बल की 29 विंग, महिला रेलवे सुरक्षा विशेष बल की दो विंग, 22 खोजी कुत्ता और दो बम निरोधक दस्ता भी लगाया गया है। बीती रात आठ बजे तक 253 ट्रेनें चलाई जा चुकी थीं।
इसमें 115 स्पेशल एवं 138 नियमित ट्रेनें शामिल रहीं। सर्वाधिक 57 विशेष ट्रेनों का संचालन प्रयागराज जंक्शन से हुआ। इसके अलावा छिवकी से 13, नैनी से 11, सूबेदारगंज से चार, प्रयाग से सात, फाफामऊ से चार, रामबाग से चार, झुंसी से 15 स्पेशल ट्रेनें चलीं।
बताया जा रहा है कि महाशिवरात्रि पर उत्तर प्रदेश के अलावा बिहार, मध्य प्रदेश, झारखंड और चंगाल से सर्वाधिक भीड़ आने की संभावना है। मंगलवार को बिहार के कई शहरों से काफी लोग आए।