महाकुंभ में मटके वाला चौराहा
- फोटो : अमर उजाला
मटके वाला चौराहा बना सेल्फी प्वाइंट
दिल्ली से अजय अपने परिवार के साथ महाकुंभ मेले में आए हैं। वो सेक्टर-7 में अलग-अलग स्टॉल घूम रहे थे। इस दौरान भीड़ की वजह से उनका परिवार थोड़ी देर के लिए बिछड़ गया। फोन पर बात करते हुए अजय ने अपने परिवारीजनों से कहते हैं कि मैं मटके वाले चौराहे पर हूं। वहीं आ जाओ।
इसी तरह से तमाम तीर्थयात्री खूबसूरत विशाल मटके की वजह से अब चौराहे को मटके वाले चौराहें के नाम से पुकार रहे हैं। स्वच्छ सुजल गांव के मुख्य द्वार के बगल में बना विशालकाय मटका श्रद्धालुओं के लिए सेल्फी प्वाइंट बनकर भी उभरा है। मुंबई से महाकुंभ में आई दीपाली बताती हैं कि ये मटका बहुत आकर्षक हैं। इस महाकुंभ में कलाओं का भी संगम देखने को मिल रहा है।
महाकुंभ में मटके वाला चौराहा
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यूपी के बदलते गांवों की तस्वीर देखकर अभिभूत हुए तीर्थयात्री
अपनी खूबसूरती के साथ-साथ स्वच्छ सुजल गांव में आने वाले तीर्थयात्री उत्तर प्रदेश की विकासगाथा देखकर अभिभूत हो रहे हैं। इस प्रदर्शनी में यूपी के बदलते गांवों की तस्वीर को कलाकृतियों के माध्यम से दिखाया गया है। कलाकृतियों के माध्यम से बताया गया है कि कैसे जल जीवन मिशन के जरिए के गांवों की तस्वीर बदली है। कभी पानी के लिए तरसने वाले बुंदेलखंड में किस तरह से अब हर घर में शुद्ध पेयजल की सप्लाई हो रही है।
लोगों ने ली पानी बचाने की शपथ
स्वच्छ सुजल गांव पहुंचे तीर्थयात्रियों को एक तरफ जहां प्रदेश में जल जीवन मिशन द्वारा किए गए कार्यों की जानकारी दी जा रही है। वहीं उन्हें जल संरक्षण के प्रति भी सचेत किया जा रहा है। तीर्थयात्रियों को जल संरक्षण का महत्व समझाने के लिए उन्हें जल शपथ भी दिलाई जा रही है।