फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

शिक्षिकाओं के उत्पीड़न मामले की मजिस्ट्रेटी जांच

Tue, 30 Oct 2018 01:34 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, प्रयागराज
विज्ञापन
प्रयागराज - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो,प्रयागराज
विज्ञापन
इंडियन गर्ल्स इंटर कॉलेज की शिक्षिकाओं के उत्पीड़न मामले की जिलाधिकारी ने मजिस्ट्रेट से जांच कराने का आदेश दिया है। जिलाधिकारी ने यह आदेश सोमवार को उनसे मिलने पहुंचे शिक्षक संगठनों, विद्यालय की शिक्षिकाओं एवं शहर के बुद्घिजीवियों की मांग पर दिया। डीएम ने सिटी मजिस्ट्रेट को निर्देश दिया कि इस मामले की तत्काल जांच करके उन्हें अपनी रिपोर्ट दें। जिलाधिकारी इस मामले की जानकारी मुख्यमंत्री को भेजने का प्रतिनिधि मंडल को आश्वासन दिया।
विज्ञापन


प्रतिनिधि मंडल की मांग थी कि प्रबंध समिति को भंग करके नियंत्रक नियुक्त करके पूरे मामले की जांच करवाई जाए। इससे पहले शिक्षक संगठनों एवं शहर के बुद्धिजीवियों ने हिंदू हॉस्टल चौराहे से लेकर जिलाधिकारी कार्यालय तक शाम को मार्च निकाला। शिक्षक संगठनों के विरोध मार्च का नेतृत्व सेवा समिति विद्या मंदिर इंटर कॉलेज के डॉ. निरंजन सिंह, केपी जायसवाल इंटर कॉलेज के अजय सिंह ने किया। इस प्रतिनिधि मंडल में भाजपा काशी प्रांत शिक्षक प्रकोष्ठ के सह संयोजक डॉ. शैलेश कुमार पांडेय, वरिष्ठ शिक्षक नेता रामसेवक त्रिपाठी, नवीन पांडे, धर्मेंद्र सिंह ,गार्गी श्रीवास्तव, प्रतिभा सिंह सहित बड़ी संख्या में शहर के बुद्धिजीवी शामिल रहे। विरोध मार्च निकाल रहे शिक्षक संगठनों एवं बुद्धिजीवियों की मांग थी कि मामले की जांच हाईकोर्ट के किसी अवकाश प्राप्त जज अथवा मजिस्ट्रेट से कराई जाए।  हिंदू हॉस्टल चौराहे से जिलाधिकारी आवास तक निकले मार्च में इंडियन गर्ल्स इंटर कॉलेज की पीड़ित शिक्षिकाओं सहित जिले के तमाम इंटर कालेजों के शिक्षक-शिक्षिकाओं एवं शिक्षक नेताओं ने भाग किया। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे डॉ. निरंजन सिंह ने बताया कि उन्होने पूरे घटनाक्रम से प्रदेश भाजपा प्रवक्ता चंद्रमोहन सिंह को अवगत करा दिया है, उन्होंने इस मामले को मंगलवार को मुख्यमंत्री तक पहुंचाने का आश्वासन दिया है।

शिक्षक संगठनों ने डीएम को मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन में प्रबंधक द्वारा इंडियन गर्ल्स कालेज की शिक्षिकाओं के पिछले कई वर्षों से किए जा रहे उत्पीड़न का विस्तृत विवरण दिया गया है। जिलाधिकारी ने कहा कि वह इस पूरे प्रकरण में किसी का दबाव स्वीकार नहीं करेंगे तथा उन्होंने वहीं पर उपस्थित सिटी मजिस्ट्रेट को जांच के लिए ज्ञापन पर तत्काल आदेश किए और निर्देशित किया कि अवकाश के बाद भी मंगलवार से ही मामले की जांच शुरू कर दें। उन्होंने शिक्षकों को आश्वस्त किया कि दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन


इंडियन गर्ल्स इंटर कॉलेज की शिक्षिकाओं के समर्थन में निकाले गए मार्च में शामिल शिक्षकों ने प्रबंधक को बर्खास्त करो,प्रबंधक को गिरफ्तार करो, जिला विद्यालय निरीक्षक द्वितीय (डीआईओएस-टू) को निलंबित करो के नारे लगाए। कॉलेज की शिक्षिकाएं और शिक्षक हाथ में प्रबंधक को गिरफ्तार करने तथा प्रबंध समिति को भंग करने संबंधी नारे लिखी हुई तख्तियां लेकर चल रहे थे। विरोध मार्च में कई वर्तमान और पूर्व सभासदों, छात्र नेताओं एवं इविवि एवं उच्च न्यायायल के दर्जनों अधिवक्ताओं ने भागीदारी की। शिक्षकों का यह विरोध मार्च किसी संगठन के बैनर के नीचे नहीं होने के बाद भी भारी संख्या में लोगों की भागीदारी रही। विरोध मार्च में शिक्षकों के अतिरिक्त हाईकोर्ट बार के पूर्व महासचिव सुरेश चंद पांडे, पूर्व पार्षद दिलीप चौरसिया, इविवि छात्र संघ के पूर्व अध्यक्ष आरपीएन सिंह, छात्रसंघ के वर्तमान महामंत्री शिवम सिंह, अधिवक्ता संजीव सिंह संतोष सिंह ,इन्द्रसेन सिंह तोमर, सुरेश बहादुर सिंह, अटेवा पेंशन के उपेंद्र वर्मा, संतोष तिवारी, शिवदत्त मिश्र, प्रेमकांत त्रिपाठी सहित बड़ी संख्या में लोग शामिल रहे।

उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ शर्मा गुट की ओर से इंडियन गर्ल्स की शिक्षिकाओं के उत्पीड़न के विरोध में सोमवार को शिक्षक विधायक सुरेश त्रिपाठी, जिलाध्यक्ष राम प्रकाश पांडेय के नेतृत्व में डीआईओएस-टू कार्यालय पर धरना प्रदर्शन किया। संगठन की ओर से मांग की गई कि आरोपी प्रबंधक को पद से हटाने के साथ चार नवंबर तक गिरफ्तारी नहीं हुई तो पांच नवंबर को पूरे जिले के विद्यालयों को बंद कर कार्य बहिष्कार किया जाएगा। धरना प्रदर्शन में शामिल स्नातक क्षेत्र के विधायक डॉ. यज्ञदत्त शर्मा ने कहा कि प्रबंधक का विद्यालय में इस तरह का आचरण निंदनीय है। संचालन जिलामंत्री अनुज कुमार पांडेय ने किया। प्रदर्शन में महेश दत्त शर्मा, कुंज बिहारी मिश्र, रमेश चंद्र शुक्ल, सविता मिश्रा, डॉ. मनोज मिश्रा, डॉ. जय प्रकाश शर्मा सहित बड़ी संख्या में शिक्षक शामिल रहे।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें