लॉक डाउन जब जिले में लगा उस दौरान सब्जियों के दाम एकाएक बढ़ गए। हालांकि तब सब्जियों की आवक भी कम थी। लेकिन अब धीरे-धीरे मंडी में सब्जियों की मांग में कमी आती जा रही है और लोकल सब्जियों की भरमार हो गई। इन दिनों मंडी में भिंडी, नेनुआ, परवल, लौकी,करेला ,कटहल ,टमाटर आदि लोकल सब्जियों की भरमार है। एक अनुमान के मुताबिक मंडी में 70 से 80 फ़ीसदी लोकल सब्जियों का ही कब्जा है। इस बारे में मंडी सचिव रेनू वर्मा का कहना है कि इन दिनों लोकल सब्जियों की आवक बढ़ गई है।
इससे बाहर की सब्जियों पर निर्भरता कम हुई है। स्थानीय किसानों के साथ व्यापारियों को भी इससे लाभ हुआ है और लोगों को कम दाम में हरी और ताजी सब्जियां मिल जा रही हैं। वहीं दूसरी ओर शहर की अलग-अलग फुटकर सब्जी मंडी की बात करें तो 12 स्थानों को छोड़ दिया जाए तो बाकी जगह टमाटर अधिकतम ₹20 किलो में लोगों को मिल जा रहा है। इसी तरह गऊघाट, नखास कोहना, लोकनाथ ,बक्शी बांध, साउथ मलाका, खुल्दाबाद, सोहबतियाबाग आदि इलाकों में भिंडी ₹20 किलो, परवल 25 से 30, लोकी 10 से ₹15 प्रति पीस, कटहल 20 से ₹30 किलो में आसानी से लोगों को उपलब्ध हो जा रहा है। उदयपुर मंडी में पिछले डेढ़ महीने से प्याज और टमाटर के दाम स्थिर हैं। मंडी द्वारा जारी किए गए रेट के अनुसार थोक में आलू ₹16 और प्याज का रेट ₹18 किलो है।
मुंडेरा थोक मंडी में सब्जियों का रेट आलू ₹16 किलो प्याज ₹18 किलो टमाटर 5 से ₹8 किलो हरी मिर्च 8 से 15 किलो अदरक 50 से ₹55 किलो लहसुन 50 से ₹55 किलो लोकी 5 से ₹10 प्रति पीस भिंडी 10 से ₹15 किलो परवल 15 से ₹20 किलो कटहल 10 से ₹15 किलो