देश की एकता, अखंडता और सामाजिक समरसता के लिए पुरी पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अधोक्षजानंद देवतीर्थ जी महाराज के कुम्भ मेला स्थित शिविर से मंगलवार को विशाल कलश यात्रा काली गयी। यात्रा में कई देशों और भारत के विभिन्न राज्यों की सैकड़ों महिलाओं और संतों ने भागीदारी की। शंकराचार्य स्वामी अधोक्षजानंद देवतीर्थ के सानिध्य में गुजरात, दिल्ली, जम्मू कश्मीर, आसाम, महाराष्ट, उत्तर प्रदेश और झारखंड के अलावा अमेरिका और थाईलैंड से आयी महिलाएं अपने-अपने सिर पर मंगल कलश रखकर तुलसी मार्ग होते हुए गंगा तट पहुंची। वहां पूजन आदि अनुष्ठान के बाद कलशों में गंगाजल भरकर जुलूस की शक्ल में फिर वापस शंकराचार्य शिविर में पहुंची।