संगम पर मौनी अमावस्या के स्नान पर्व पर कई सौ श्रद्धालुओंं के मोबाइल, कपड़े तथा अन्य सामान के साथ गहने चोरी हो गए। तकरीबन एक दर्जन से अधिक लोगों की चेन भीड़ का फायदा उठाकर बदमाशों ने छीन ली। तमाम लोग रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए थाना ढूंढते रहे। कुछ लोगों ने रिपोर्ट भी नहीं दर्ज कराई। कुछ को गीले कपड़ों में ही घर जाना पड़ा। कपड़े चोरी होने पर कुछ लोगों ने दूसरे लोगों से गमझे और कपड़े मांगे। आपाधापी में सैकड़ों की संख्या में लोगों के कपड़े और सामान वहीं छूट गए थे।
संगम तथा अन्य घाटों पर सुबह से ही भारी भीड़ थी। इसी का फायदा उचक्कों और चोरों ने उठाया। सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालुओं के मोबाइल, कपड़े, गहने चोरी हो गए। जम्मू से आए विजय सिंह संगम पर स्नान करने पानी मेंं उतर रहे थे, उसी समय किसी ने उनके चेन पर हाथ मारा और खींच लिया। विजय देख भी नहीं पाए। उन्होंने शोर मचाया लेकिन कुछ नहीं हुआ। देवरिया रेखा देवी की चेन उस वक्त खींच ली गई जब वह स्नान के बाद कपड़े बदल रही थीं। संभवत: उनकी चेन किसी महिला ने खींची थी।
सिकंदराबाद के जयेंद्र रेड्डी, दिल्ली के कपिल, आवाहन अखाड़े के साथ आए मुंबई के विमल और पंजाब के होशियारपुर के ज्योत्येंद्र शर्मा का चेन भीड़ में गायब हो गया था। किसी का छीन लिया गया तो किसी का गिर गया। कुछ लोगों ने तहरीर दी। इसी तरह तमाम श्रद्धालुओंं के मोबाइल, पर्स और कपड़े गायब हो गए। मोबाइल गायब होने पर लोग बहुत परेशान थे। कानपुर देहात की रेखा अपने घर वालोंं बिछड़ गई थी उनका मोबाइल गायब हो गया था। उन्हें रोते हुए देख किसी ने मोबाइल दिया तो उन्होंने घर वालों को बुलाया। पर्स तथा अन्य सामान छोड़कर सैकड़ोंं श्रद्धालु स्नान को गए थे, जब वह वापस आए तो या तो वह जगह भूल गए या फिर किसी ने उनका सामान गायब कर दिया।