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कौशाम्बी में शादी के पांचवें दिन हादसे में युवक की मौत

Tue, 21 May 2019 12:35 AM IST
विनोद सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
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accident - फोटो : प्रयागराज
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सरायअकिल कोतवाली क्षेत्र के धर्मपुर गांव के समीप रविवार शाम बेकाबू कार की टक्कर से एक बाइक सवार युवक की मौत हो गई। उसकी अभी पांच दिन पहले ही शादी हुई थी। घटना के बाद से पीड़ित परिवारीजनों के आंसू नहीं थम रहे हैं। 
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     सरायअकिल के दिया उपरहार गांव का जितेन्द्र (22) पुत्र प्रभू पुणे स्थित एक प्राइवेट कंपनी में नौकरी करता था। अभी 14 मई को ही उसकी शादी हुई थी। रविवार रात अचानक उसके पिता की तबीयत खराब हो गई। ऐसे में दवा लेने के लिए वो धर्मपुर गांव जा रहा था। धर्मपुर के समीप पहुंचते ही पीछे से आई कार ने उसकी बाइक में टक्कर मार दी। हादसे में जितेन्द्र गंभीर रुप से घायल हो गया।

दुर्घटना देख मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने आननफानन एंबुलेंस की मदद से घायल को सरायअकिल सीएचसी में भर्ती कराया। जहां से प्राथमिक इलाज के बाद डॉक्टरों ने एसआरएन अस्पतल प्रयागराज रेफर कर दिया। वहां देर रात उसकी सांसें थम गईं। मौत की मनहूस खबर घर पहुंचते ही पीड़ित परिजन दहाड़े मारकर रो पड़े। पीड़ितों को ढाढस बंधाने के लिए उनके घर पर पड़ोसियों की भीड़ जमा हो गई। पुलिस ने मृतक का शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। उधर, हादसे के बाद कार सवार वाहन समेत मौके से फरार हो गया। पुलिस उसकी तलाश कर रही है। 
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पुष्पा के हाथों की हथेलियों से अभी हिना का रंग भी नहीं उतरा था और उसकी जिंदगी बदरंग हो गई। सात फेरे लेने के पांचवें दिन ही मांग का सिंदूर मिट गया। नई दुनिया तो बसी पर, सपने धरे के धरे रह गए। पति की मौत के बाद से उसकी आंखें पथरा गई हैं। उसे ढाढस बंधाने में हर किसी की आंखें डबडबा उठती हैं। 

धर्मपुर के समीप रविवार रात सड़क हादसे में मौत का शिकार हुए जितेन्द्र की शादी अभी 15 मई को ही कौशाम्बी के कोसम गांव की पुष्पा से हुई थी। 16 मई को पुष्पा विदा होकर ससुराल आई। शादी से पहले उसने नई दुनिया बसाने को लेकर कई ख्वाब देखे थे। फोन पर बातचीत के दौरान पति ने कहा था कि कुछ महीने बाद ही अपने साथ पुणे लेकर चला जाएगा। पुष्पा को क्या पता था कि नीयति बेहद क्रूर मजाक करेगी।

रविवार रात ससुर की तबीयत खराब हुई तो पुष्पा ने ही पति जितेन्द्र को दवा लेने के लिए भेजा। परिवार के लोगों ने इस काम के लिए पुष्पा की तारीफ भी की। अफसोस कि पुष्पा ने आखिरी बार पति को खुद से दूर भेजा था। उसे मालूम नहीं था कि इसके बाद वह पति के करीब कभी नहीं पहुंच सकेगी। सड़क हादसे में जितेन्द्र के घायल होने की खबर किसी ने पुष्पा को नहीं दी थी। देर रात मौत की मनहूस खबर आने के बाद सभी चीखने-चिल्लाने लगे तो पुष्पा को विधवा हो जाने की हकीकत पता चली। इसके बाद से वह बस रो रही है। उसकी हालत देख उसे संभालने वाले भी रो ही पड़ते हैं। 

सैनी कोतवाली के अजुहा कस्बा निवासी जीवनलाल (70) बीमार थे। 17 मई की शाम वह दवा लेकर पैदल ही हाईवे पार कर रहे थे। इस दौरान सामने से आए तेज रफ्तार ट्रक ने टक्कर मार दिया था। हादसे में गंभीर रूप से घायल बुजुर्ग को इलाज के लिए एसआरएन में भर्ती कराया गया था। जहां सोमवार की दोपहर उनकी मौत हो गई। घर के मुखिया की मौत से पीड़ित परिवार में कोहराम मचा हुआ है।
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