इलाके में मंगलवार की दोपहर बारिश के दौरान गिरी बिजली की चपेट में आने से दो सगी बहनों की मौत हो गई, जबकि मां-बेटी गंभीर रूप से झुलस गईं। दोनों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इसी तरह एक अन्य घटना में बकरी चराने गया किशोर भी बिजली की चपेट में आ गया, जिससे उसकी मौके पर जान चली गई। पुलिस ने पंचनामा भरकर शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। हादसे के बाद से पीड़ित परिवारों में कोहराम मचा हुआ है।
चायल तहसील के गौसपुर गांव निवासी शंकरलाल मजदूरी कर परिवार का गुजारा करता है। मंगलवार की दोपहर तकरीबन दो बजे उसकी पत्नी सरला देवी (45) अपनी बेटियों अर्चना (17), संजना (10) तथा आंचल (6) के साथ बस्ती से बाहर खेत में धान की निराई करने जा रही थी। रास्ते में अचानक तेज बारिश होने के साथ ही गरज के साथ बिजली गिरी, जिसकी चपेट में आने से आंचल की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि सरला व दो अन्य बेटियां गंभीर रूप से झुलस गईं।
मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने आननफानन झुलसी मां-बेटियों को इलाज के लिए नजदीकी अस्पताल पहुंचाया। अस्पताल में इलाज शुरू होने के घंटे भर बाद ही संजना की भी मौत हो गई। इसी तरह चायल तहसील के ही जुनैदपुर काजीपुर गांव निवासी हीरालाल ईंट-भट्ठे पर मजदूरी करता है। बताया जा रहा है कि हीरालाल का बेटा रामकरन (15) मंगलवार की शाम चार बजे बस्ती के बाहर महुआ की बाग में बकरी चराने गया था। वह भी बिजली की चपेट में आ गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।