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23 साल बाद पति के हत्यारों को दिलाई सजा, पूर्व विधायक समर्थकों को मिठाई खिलाते वक्त भावुक हुईं

Tue, 05 Nov 2019 11:11 AM IST
शाहरुख खान न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
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जवाहर यादव की पत्नी विजमा समर्थकों के साथ - फोटो : अमर उजाला
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जवाहर यादव ऊर्फ पंडित हत्याकांड में करवरिया बंधुओं को उम्रकैद की सजा सुनाए जाने के बाद पत्नी विजमा यादव तथा परिवार के अन्य सदस्यों के चेहरे पर संतोष के भाव दिखे। न्यायालय के आदेश को लेकर उनमें उत्साह था तथा मिठाइयां भी बांटी गईं लेकिन 23 वर्ष पहले हुई पति की हत्या तथा संघर्षों की चर्चा के दौरान विजमा की आंखें कई बार छलक पड़ीं। 
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फैसले पर सपा नेता पूर्व विधायक विजमा ने कहा, 23 वर्ष बाद न्याय मिला है। सरकार ने तो मुकदमा वापस ले लिया था लेकिन न्यायालय पर पूरा भरोसा था। न्यायालय के आदेश से भरोसा और मजबूत हुआ है। यदि वे लोग (करवरिया बंधु) हाईकोर्ट गए तो वहां भी संघर्ष जारी रहेगा। न्याय के लिए जहां भी जाना पड़ेगा वहां जाएंगे।

अशोक नगर स्थित विजमा यादव के आवास पर लगातार लोगों का जमावड़ा बना रहा। वहां जीत का उत्साह तो था लेकिन खामोशी भी रही। न्यायालय के आदेश तथा आगे की संभावित न्ययायिक प्रक्रिया एवं अन्य गतिविधियों पर चर्चा होती रही। विजमा का कहना था, 23 वर्ष तक बहुत संघर्ष किया। शादी के साढ़े छह साल बाद ही पति की हत्या कर दी गई। 
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पहली बार एक-47 का उपयोग किया गया था। मैं कभी घर से नहीं निकली थी लेकिन न्याय की लड़ाई के साथ बच्चों का पालन, राजनीति, अन्य जिम्मेदारी बहुत संघर्ष किया। (डबडबाई आंखों के साथ) विजमा कहती हैं, ‘चार साल का बेटा विरेंद्र और तीन वर्ष की बेटी ज्योति को एक दिन पहले ही लखनऊ स्थित स्कूल के हॉस्टल छोड़ा था। घटना से पांच मिनट पहले ही उनका (पति) फोन आया था। कुछ देर बाद ही फिर फोन आया और ...। 
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जैसे सबकुछ खत्म हो गया। छोटी बेटी ज्योत्सना तो मात्र 10 महीने की थी। वह पापा भी नहीं बोल पाई थी...।’ तीन नन्हें बच्चों की सुरक्षा और उनका भविष्य, इसके अलावा परिवार की मर्यादा को बनाए रखना... बहुत संघर्ष किया। इस दौरान लोगों ने साथ दिया। पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह और अखिलेश यादव का भरोसा मिला। 23 साल लग गए लेकिन न्याय मिला। आगे भी न्याय की पूरी उम्मीद है। उनका कहना है कि संघर्ष जारी रहेगा। राजनीति जारी रहेगी और चुनाव भी लड़ूंगी।

21 नवंबर को है बेटी की शादी
जवाहर यादव की बड़ी बेटी ज्योति के लिए न्यायालय का फैसला काफी भावुक करने वाला रहा। फूलपुर की ब्लाक प्रमुख रहीं त्योति की 21 नवंबर को शादी है। शादी तथा पूरे प्रकरण पर चर्चा छिड़ते ही वह रो पड़ती हैं। उनका कहना था, मां ने कोई कमी नहीं होने दी। पिता की जिम्मेदारी भी बखूबी निभाई। उनका कहना था, मां तथा पूरे परिवार ने 23 वर्ष तक बहुत संघर्ष किया। ज्योति ने बताया कि वह फूलपुर की ब्लाक प्रमुख थीं। प्रदेश में भाजपा की सरकार बनने के बनने बाद 2017 में उनके खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाया गया। सत्ता के आगे उनकी नहीं चली।
 
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