पिता को रिश्तेदारों ने संभाला
पिता पवन शुक्ला तो यह कहकर बिलख पड़े कि जिस बिटिया को डोली में विदा करना था, उसके शव को कंधा देना पड़ रहा है। रिश्तेदारों ने उन्हें संभाला। दादा रविंद्र और दादी निर्मला शुक्ला ने भी पोती को भारी मन से विदा किया।
कई थानों की पुलिस रही तैनात
दारागंज श्मशान घाट पर हाईकोर्ट बार के पूर्व अध्यक्ष अशोक सिंह, महासचिव अखिलेश शर्मा, उपाध्यक्ष अमित सिंह सोनू, राय साहब यादव, रवि श्रीवास्तव, धर्मेंद्र श्रीवास्तव, आलोक मिश्र, राज सिंह आदि मौजूद रहे। सुरक्षा के लिहाज से एसीपी झूंसी कुंजलता के साथ ही कई थानों की पुलिस फोर्स दारागंज श्मशान घाट पर मौजूद रही।