प्रयागराज। नवाबगंज थाना क्षेत्र के सिंगहोरिया गांव निवासी एक महिला ने दरोगा व उसके साथियों पर घर में घुसकर अश्लील हरकत करने का आरोप लगाया है। शुक्रवार को पीड़ित महिला अपने परिजनों के साथ पुलिस आयुक्त कार्यालय पहुंचकर जन सुनवाई कर रहे डीसीपी कानून व्यवस्था संतोष कुमार मीना से शिकायत की। उन्होंने सोरांव एसीपी को जांच करने का आदेश दिया है।
जन सुनवाई में पीड़िता ने डीसीपी संतोष कुमार मीना को बताया कि बुधवार रात करीब दो बजे दरोगा गौरव तिवारी सादे कपड़े में अपने चार अन्य साथियों के साथ उसके घर पहुंचे। परिचय पूछने पर बताया कि वह पुलिस वाले हैं, जब उसने दरवाजा खोला तो वह उसके साथ अभद्र व्यवहार करते हुए अश्लील हरकत करने लगे। महिला का आरोप है कि दरोगा नशे की हालत में थे। शोरशराबा करने पर उसके परिवार के अन्य लोग भी पहुंच गए, जब परिवार के सदस्यों ने उनको ऐसा करने से रोका, तब वह उन पर भी भड़क गए।
इसके बाद दरोगा ने अपने साथियों के साथ मिलकर उसे और उसके परिवार वालों को लात-घूंसों से मारा पीटा। शोर मचाने पर वहां से जाते वक्त दरोगा ने कहा कि राजेंद्र यादव को परेशान करना बंद कर दो, नहीं तो तुम सबको अंदर कर दूंगा। इस मामले में दरोगा गौरव तिवारी से जब बात की गई, तब उन्होंने महिला के आरोपों को झूठा बताया। दरोगा का कहना था कि वह अपने साथी सिपाहियों के साथ न्यायालय के आदेश पर महिला के घर पर दबिश देने गए थे।
पूर्व प्रधान की शह पर बुलाई गई पुलिस
पीड़ित महिला ने बताया कि उनके गांव के रहने वाले पूर्व प्रधान राजेंद्र यादव उनके देवर की वजह से प्रधानी का चुनाव हार गए थे। उसी को लेकर कई बार पूर्व प्रधान ने उसके घर आकर गाली-गलौज और मारपीट की थी। महिला का आरोप है कि प्रधान के कहने पर ही दरोगा और उसके साथियों ने उसके व परिवार वालों के साथ इस तरह का बर्ताव किया।