प्रयागराज। हंडिया के असवां दाउदपुर गांव में महिला व उसके तीन बच्चों की संदिग्ध हाल में मौत का मामला पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद और उलझ गया है। दरअसल, पोस्टमार्टम में बच्चों की मौत दम घुटने व महिला की मौत करंट लगने से होने की बात सामने आई है। लेकिन, अकेली महिला का तीन बच्चों को मारने की बात पुलिस के गले से नहीं उतर रही है। ऐसे में सुलझने की बजाय गुत्थी और उलझ गई है।
असवां दाउदपुर गांव में रहने वाली मंजू देवी (35) और उसके तीन मासूम बच्चे प्रिया (8), अन्नू(6) व रितिक (4) एक दिन पहले संदिग्ध हाल में कमरे के भीतर मृत पड़े मिले थे। चचेरे भाई ने दहेज प्रताड़ना व गैरइरादतन हत्या के आरोप में ससुरालपक्ष के छह लोगों को नामजद कराया था। लेकिन, शरीर पर किसी तरह के जाहिराना चोट का निशान न होने के कारण मामला उलझ गया था। मौके की हालत देखने के बाद पुलिस की पूरी तफ्तीश पोस्टमार्टम पर टिक गई थी। अफसरों का भी यही कहना था कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। हालांकि, शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद मामला सुलझने की बजाय और उलझ गया।
वीडियोग्राफी के बीच हुआ पोस्टमार्टम
दो डॉक्टरों के पैनल ने वीडियोग्राफी के बीच चारों शवों का पोस्टमार्टम किया। इस दौरान पता चला कि तीनों बच्चों की मौत दम घुटने की वजह से हुई। उधर महिला की मौत करंट लगने से हुई। शरीर पर भीतर और बाहर कहीं भी किसी तरह की चोट के निशान नहीं मिले हैं। जांच में जुटे अफसरों के मुताबिक, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और मौके की हालत तो यह इशारा कर रहे हैं कि महिला ने ही बच्चों को मारने के बाद खुद बिजली का तार छूकर अपनी जान दे दी। लेकिन, एक अकेली महिला का तीन-तीन बच्चों को गला घोटकर मारने की बात भी गले से नहीं उतर रही है। यही वजह रही कि पुलिस अफसर इस मामले में 48 घंटे बीतने के बाद भी कुछ स्पष्ट कह पाने की स्थिति में नहीं हैं। फिलहाल यही कहा जा रहा है कि छानबीन की जा रही है। खुदकुशी के साथ ही अन्य बिंदुओं को भी ध्यान में रखकर जांच की जा रही है।
कपड़े से दबाया गया था बच्चों का मुंह-नाक
जांच व पोस्टमार्टम रिपोर्ट देखने के बाद यह साफ हो गया है कि तीनों मासूमों को कपड़े से नाक-मुंह दबाकर मारा गया। दरअसल, मौके पर पुलिस को दोनों चारपाइयों से शवों के पास कपड़े के दो टुकड़े मिले थे। ऐसे में पोस्टमार्टम रिपोर्ट देखने के बाद कहा जा रहा है कि इन्हीं कपड़ों से उनका मुंह-नाक दबाया गया, जिससे वह सांस नहीं ले सके और दम घुटने की वजह से उनकी मौत हो गई।
मकान मेें ही छिपा है घटना का राज
प्रयागराज। मामले में भले ही पुलिस अभी कुछ स्पष्ट नहीं कह पा रही है, लेकिन अफसरों का यही कहना है कि चार मौतों का राज कमरे में ही है। ऐसे में बहुत संभावना है कि पुलिस टीम एक बार फिर घटनास्थल पर पहुंचकर जांच पड़ताल करे। शनिवार को पुलिस के साथ ही फोरेंसिक टीम के एक बार फिर मौके पर पहुंचने की संभावना है। उधर, हिरासत में लिए गए ससुर व देवर से दूसरे दिन भी पूछताछ होती रही। फिलहाल मामले में नामजद कराई गई सास व मृतका की जेठानी को नहीं पकड़ा जा सका है। पुलिस का कहना है कि जांच पड़ताल की जा रही है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिल गई है, लेकिन अभी कुछ कहना जल्दबाजी होगी। विवेचना जारी है। इसमें जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। नरेंद्र प्रताप सिंंह, एसपी गंगापार