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इनकम टैक्स कर्मचारी का शव रखकर चक्का जाम

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आयकर भवन और सुभाष चौराहे पर किया चक्काजाम, पुलिस ने समझा बुझाकर अंत्येष्टि कराई
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मूल रूप से मिर्जापुर में सिविल लाइंस घूरापट्टी के रहने वाले थे संजय पाल, पत्नी रोते-रोते हुई अचेत, बच्चे भी बिलखते रहे
प्रयागराज। इनकम टैक्स कर्मचारी संजय पाल की हत्या से नाराज परिजनों और इनकम टैक्स कर्मचारियों ने गुरुवार को सिविल लाइंस में सुभाष चौराहे पर शव रखकर चक्का जाम कर दिया। वे कातिलों को तुरंत पकड़ने की मांग कर रहे थे। संजय का शव पहले इनकम टैक्स आफिस के सामने रखा गया था लेकिन, भारी संख्या में पुलिस बल होने के कारण शव को सुभाष चौराहा ले जाया गया। पुलिस अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि जल्द से जल्द हत्यारे सलाखों के पीछे होंगे। इसके बाद परिजन शव को अंत्येष्टि के लिए रसूलाबाद ले गए।
शिवकुटी थाना क्षेत्र के अपट्रान चौराहा के पास रहने वाले संजय पाल (49) इनकम टैक्स विभाग में बाबू थे। वह मूलरूप से मिर्जापुर के सिविल लाइंस घूरापट्टी के रहने वाले थे। संजय बुधवार को वह बहमलपुर गांव में अपने साढ़ू छेदीलाल के पिता की तेरहवीं कार्यक्रम में शरीक होने गए थे। वहां से फुफेरे भाई गुड्डू के साथ वह बाइक से घर लौट रहे थे, तभी फाफामऊ में रंगपुरा प्राथमिक विद्यालय के पास बाइक सवार दो बदमाशों ने पीछे से उन्हें गोली मारकर हत्या कर दी थी। गुुरुवार को संजय के शव का पोस्टमार्टम हुआ।
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पोस्टमार्टम हाउस में बड़ी संख्या में इनकम टैक्स कर्मचारी और अधिकारी मौजूद थे। परिजन भी बेहद आक्रोशित थे। वहीं निर्णय लिया गया कि पोस्टमार्टम के बाद संजय के शव को इनकम टैक्स आफिस के सामने रखकर चक्काजाम किया जाएगा। परिजन शव लेकर इनकम टैक्स आफिस पहुंचे। वहां शव रखकर चक्काजाम शुरू कर दिया लेकिन वहां भारी संख्या मेें फोर्स मौजूद थी। इसके बाद परिजन शव लेकर सुभाष चौराहे पहुंचे और वहां चक्का जाम कर दिया। नारेबाजी के बीच अधिकारी पहुंचे और आश्वासन दिया कि परिवार को पूरी मदद की जाएगी और हत्यारों को जल्द से जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। उनके आश्वासन के बाद संजय के शव को अंत्येष्टि के लिए ले जाया गया। पत्नी राजेश्वरी और बच्चों का रो रोकर बुरा हाल था। परिवार के लोग मिर्जापुर से भी पहुंच गए थे।
फुफेरे भाई को छूते हुए निकली थी गोली, कंधे के नीचे मिला निशान
प्रयागराज। संजय रात में अपने फुफेरे भाई गुड्डू की बाइक से शिवकुटी आ रहे थे। बाइक गुड्डू ही चला रहा था। रात में घटना के बाद पुलिस का सबसे पहला शक गुड्डू पर ही गया था क्योंकि गोली सटाकर मारी गई थी। जांच के दौरान पता चला कि संजय को गोली पीछे से मारी गई जो उसके सीने से होती हुई बाहर निकल गई। गोली संजय के फुफेरे भाई गुड्डू के कंधे से छूती हुई निकली थी। उसके कंधे के नीचे गोली की रगड़ के साफ निशान थे। एसपी गंगापार ने गुड्डू से रात में ही मेडिकल कराने को कहा।
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सीसीटीवी में दिखे कातिल, दूर से कर रहे थे पीछा
-कत्ल के तार मिर्जापुर से भी जुड़े होने की शंका
प्रयागराज। इनकम टैक्स कर्मचारी संजय पाल की हत्या करने वाले कातिल सीसीटीवी फुटेज में दिख गए हैं। घटनास्थल के पास ही पुलिस को एक सीसीटीवी फुटेज मिली तो दोनों कातिल बाइक से जाते हुए दिख गए। हालांकि रात का समय होने के कारण उनके चेहरे बहुत स्पष्ट नहीं है लेकिन दोनों बाइक से काफी दूर से पीछा कर रहे थे। पुलिस व्यक्तिगत दुश्मनी और विभागीय अदावत, दोनों को ध्यान में रखकर तफ्तीश कर रही है। फिलहाल पुलिस का पूरा ध्यान व्यक्तिगत दुश्मनी पर ही है। एक टीम को विभागीय विवादों के बारे में जानकारी जुटाने में लगाया गया है।
संजय पाल बुधवार को अपने साढ़ू छेदीलाल के पिता की तेरहवीं में शामिल होने बहमलपुर गांव गए थे। यह बात सिर्फ परिवार के लोगों को मालूम थी। वह फुफेरे भाई गुड्डू की बाइक पर बैठकर रात में वापस आ रहे थे। कातिलों को अच्छी तरह पता था कि वे वहां गए हैं और वहां से निकल गए हैं। तमाम लोगों ने बताया कि संजय की गाड़ी के पीछे काफी देर से बाइक सवार दो लोग लगे हुए थे। एक सीसीटीवी फुटेज घटनास्थल के पास की मिली है, दूसरी उससे काफी पहले की। दोनों ही फुटेज में कातिल बाइक से दिख रहे हैं। इस बात की भी पूरी संभावना है कि तेरहवीं के कार्यक्रम में मौजूद कोई रिश्तेदार या जान पहचान वाला शख्स भी कातिलों से मिला हुआ हो और संजय की एक एक हरकत के बारे में वही जानकारी दे रहा हो। एसएसपी अनिरुद्ध सत्यार्थ पंकज ने बताया कि पुलिस की टीम साढ़ू के घर जाकर पूछताछ करेगी। संजय मूल रूप से मिर्जापुर के रहने वाले थे। वहां वह अक्सर जाते थे। पुलिस को कुछ विवादों के बारे में जानकारी मिली है लेकिन, विवाद कितने गंभीर हैं, इस बात का पता लगाने के लिए एक टीम को शुक्रवार को वहां भेजा जाएगा। एक टीम विभागीय विवादों के बारे में जानकारी जुटा रही है।
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गोली मारने के बाद कातिलों ने रोकी गाड़ी, देखा फिर भाग निकले
प्रयागराज। घटना के चश्मदीद गवाह गुड्डू ने बताया कि वह संजय से बात करते हुए आगे बढ़ रहे थे। अचानक उन्हें लगा कि किसी ने पीछे से ईट मार दी। संजय की चीख निकली तो उन्होंने गाड़ी रोक दी। उसी समय बाइक सवार दोनों बदमाश आगे निकले और उन्होंने अपनी बाइक रोक दी। दोनों ने पीछे मुड़कर संजय की ओर देखा और फिर गाड़ी लेकर भाग निकले। एसपी गंगापार ने बताया कि मौके से 315 बोर की बुलेट मिली है। संजय के रिश्तेदार कालिका प्रसाद की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात कातिलों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया।

Income tax employee murder case- फोटो : CITY DESK

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