prayagraj news : प्रयागराज माघ मेला की तैयारियां जोरों पर चल रही हैं।
- फोटो : prayagraj
मम्फोर्डगंज में रिटायर रेलवे अफसर के घर लूटपाट की वारदात की जांच पड़ताल के दौरान पुलिस को अहम क्लू मिला है। पता चला है कि मकान के भीतर जो पहला बदमाश दाखिल हुआ, उसने बरामदे में लगा ताला तोड़ा नहीं बल्कि चाबी से ताला खोलकर वह भीतर गया। ऐसे में बड़ा सवाल है कि उसके पास चाबी पहुंची कहां से? पुलिस इसी की जांच में जुटी है।
रिटायर अफसर के बरामदे में दाहिनी ओर लगे गेट पर बाहर से ताला लगा रहता था। पूछताछ में खुद यह बात भुक्तभोगी ज्योति श्रीवास्तव ने बताई। जांच पड़ताल के दौरान पुलिस को मौके पर ही एक ताला पड़ा मिला। चौंकाने वाली बात यह है कि ज्योति ने इसे पहचानने से इंकार कर दिया। उनका कहना था कि यह उनके घर का ताला नहीं है। उधर पुलिस ने गेट की जांच पड़ताल की तो इस पर किसी तरह के निशान नहीं मिले। न ही ताले पर किसी तरह के निशान मिले। जिससे पता चलता है कि बदमाशों ने ताला तोडने की कोशिश नहीं की।
उधर घर का ताला गायब होने से यह भी अंदेशा है कि गेट पर लगा घर का ताला पहले ही गायब कर दिया गया हो और उस पर नया ताला लगा दिया गया हो। मुख्य दरवाजा न होने के कारण दंपति की नजर इस नए ताले पर न पड़ी हो और इसकी चाबी लुटेरों तक पहुंच गई हो या किसी ने पहुंच दी हो। पुलिस अफसरों का कहना है कि यह किसी घर के भीतर के व्यक्ति की मिलीभगत से ही संभव है।
शक के घेरे में नौकरानी, नहीं मचाया शोर
जांच पड़ताल के दौरान पुलिस को दंपति के घर काम करने वाली एक नौकरानी की भूमिका भी संदिज्ध मिली है। दरअसल रोजाना की अपेक्षा शनिवार को आने के बाद वह काफी जल्दी काम निपटा कर चली गई। यही नहीं दंपति के आपबीती सुनाने के बाद भी उसने बाहर निकलकर किसी को वारदात की जानकारी देना उचित नहीं समझा और चुपचाप चली गई। अफसरों का कहना है कि जांच पड़ताल की जा रही है।