बीते तीन दिन पहले आसनसोल शहर से नाहवाई गांव लौटे होम क्वारंटीन किए गए युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। जिससे परिजनों में कोहराम मच गया। वहीं मौत को लेकर ग्रामीणों में हडकंप मच रहा। क्षेत्र के नहावाई गांव निवासी संगम तिवारी उर्फ पट्टर (40) आसनसोल शहर स्थित एक ट्रासपोर्ट कंपनी में नौकरी करते थे। उनके परिवार में उनकी पत्नी व दो छोटे बच्चे गांव में ही रहते है। बीते 13 मई को बस द्वारा गांव लौटे थे। मांडा सीएचसी सूचना देने पर उन्हें होम क्वारंटीन किया गया था। बीती शुक्रवार देर रात पट्टर की अचानक तबियत बिगड़ गई। परिजनों ने डायल 108 पर सूचना दी। लेकिन एम्बुलेंस के पहुंचने से पहले पट्टर (40) की मौत हो चुकी थी। मौत से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। जबकी मौत को लेकर ग्रामीणों में हडकंप मचा रहा। वहीं परिजनों व ग्रामीणों में पिंटू तिवारी, विमलेश तिवारी, लाल साहब चौबे आदि ने बताया की पट्टर तिवारी बहुत ही मिलन सार व्यक्ति थे। उनके आकस्मिक निधन पर ग्रामीणों में गहरा शोक व्याप्त है। मामले में सीएचसी अधीक्षक डॉ संतोष पांडेय ने बताया की मृतक बीते दिन सीएचसी जांच के लिए आया था। मृतक हार्ट और शुगर का मरीज था। इसी कड़ी में बीते दिन उसे आसनसोल शहर के एक अस्पताल में भर्ती भी कराया गया था।
कोरोना से जंग जीतने में सभी का सहयोग जरूरी-विधायक नीलम करवरिया
शनिवार को एलबी शास्त्री तकनीक इंटर कॉलेज मांडाखास में कोरोना संक्रमण रोकथाम के लिए बनाई गई गांव स्तरीय निगरानी समिति के अध्यक्षों की एक कार्यशाला आयोजित की गई। जिसमे प्रवासी मजदूरों को होम क्वारंटीन करने सहित मास्क पहनने और सैनिटाइजर का अधिक से प्रयोग करने पर चर्चा की गई। वहीं कार्यशाला को सम्बोधित करते हुए क्षेत्रीय विधायक नीलम करवरिया ने कहा की कोरोना से जंग जितने के लिए सभी नागरिकों व कर्मचारियों का सहयोग जरूरी है। वहीं बीडीओ मांडा आरबी यादव, बीईओ अनिल सिंह, सीएचसी अधीक्षक डॉ संतोष पांडेय ने कोरोना संक्रमण के रोकथाम से सम्बंधित आवश्यक दिशा निर्देश से सभी ग्राम प्रधानों को अवगत कराया। इस दौरान ग्राम प्रधान गिरजाशंकर पांडेय, विध्याकांत शुक्ल, शिवकुमार सिन्हा, श्याम बिहारी मौर्य, गणेश सिंह, प्रदीप दुबे आदि मौजूद रहे।