थोक मंडियों से आवक कम होने और माल भाड़े में बढ़ोतरी से फुटकर बाजारों में मसालों के दाम आसमान छू रहे हैं। इससे गृहिणियों की रसोई का मासिक बजट बिगड़ गया है। चौक, कटरा और लोकनाथ के बाजारों में मसालों की कीमतें तेजी से बदली हैं।
एक महीने पहले 140 रुपये किलो बिक रही धनिया अब 180 रुपये प्रति किलो पहुंच गई है। जावित्री के दाम 1,800 रुपये से सीधे 2,300 रुपये किलो हो गए हैं। प्रीमियम श्रेणी की छोटी इलायची की कीमत 3,200 से बढ़कर 4,000 रुपये प्रति किलो हो गई है। किराना व्यापारी उज्जवल केसरवानी बताते हैं कि मुख्य उत्पादक क्षेत्रों में इस बार फसल कमजोर रही है। ऐसे में में मंडियों से ही माल महंगा मिल रहा है और ऊपर से परिवहन लागत बढ़ने ने आग में घी का काम किया है।
कारोबारी प्रमिल केसरवानी के मुताबिक, लाल मिर्च पाउडर के दाम 200-320 रुपये से बढ़कर अब 250-330 रुपये प्रति किलो के स्तर पर आ गए हैं। जीरा भी अब 350-450 रुपये की जगह 380-500 रुपये प्रति किलो के भाव बिक रहा है। धनिया पाउडर भी 180 से 220 रुपये किलो तक पहुंच गया है।
थोक कारोबारी सतीश केसरवानी का मानना है कि आने वाले दिनों में यदि मुख्य मंडियों से माल की आवक नहीं सुधरी, तो कीमतों में और ज्यादा तेजी देखने को मिल सकती है। वहीं, रामबाग की शालिनी गुप्ता, नैनी की साधना त्यागी ने बताया कि मसालों के दाम में आई तेजी ने रसोई का बजट बिगाड़ दिया है।