याची की हिरासत तीन माह के बाद छह महीने, फिर नौ महीने और फिर 12 महीने की अवधि के लिए बढ़ा दी गई। याची के अधिवक्ता अनूप त्रिवेदी ने कहा, राज्य सरकार के पास हिरासत की अवधि को बढ़ाने का अधिकार नहीं है। यह भी कि तीन माह की प्रारंभिक अवधि के बाद किसी भी संशोधन और हिरासत को रद्द किया जा सकता है।
सरकारी अधिवक्ता ने चेरूकुरी मणि बनाम आंध्र प्रदेश राज्य में सुप्रीम कोर्ट के आदेश का हवाला दिया। कहा, प्रत्येक तीन महीने की अवधि के अंत में हिरासत अवधि को बढ़ाया गया था। कोर्ट ने कहा, हिरासत आदेश की समीक्षा का कोई प्रावधान नहीं है। उसके आधार पर हिरासत की अवधि नहीं बढ़ाई जा सकती है। इस आधार पर कोर्ट ने याची को रिहा करने का निर्देश दिया।