-पुराने शहर में कई जगह लगाई गई बेरीकेडिंग, प्रमुख धार्मिक स्थलों पर भी फोर्स रही तैनात
-अधिकारियों ने शहर में कई जगह किया पैदल मार्च, रात भर तैनात रहे पुलिस वाले
प्रयागराज। शहर में बुधवार को चप्पे-चप्पे पर चौकसी रही। अयोध्या में राम जन्मभूमि शिलान्यास को लेकर पुलिस ने आरएएफ और और पीएसी के साथ रात भर चेकिंग की। ड्यूटी मंगलवार को दिन में लगा दी गई थी जो लगातार बुधवार तक चली। पुलिस रात भर चेकिंग प्वाइंट्स पर तैनात रही। अधिकारियों ने सिविल लाइंस और पुराने शहर में कई जगह रूट मार्च किया। प्रमुख धार्मिक स्थलों पर भी कड़ी सुरक्षा रही।
अधिकारियों ने मंगलवार की दोपहर से ही पुलिस वालों को अलग अलग प्वाइंट्स पर तैनात कर दिया था। मऊआइमा और नवाबगंज थाना क्षेत्रों में विशेषकर बार्डर वाले इलाकों में पुलिस के साथ पीएसी को तैनात किया गया था। वहां लगातार वाहनों को रोक-रोककर चेकिंग होती रही। शहर में चारों पुल के इंट्री प्वाइंट्स पर भी फोर्स चेकिंग करती रही। पुराने शहर में गोल पार्क, नुरुल्ला रोड समेत कई इलाकों में पुलिस ने बेरीकेडिंग लगाकर चेकिंग की। एसपी सिटी दिनेश सिंह ने फोर्स के साथ पुराने शहर में रूट मार्च किया। वह आरएएफ और पीएसी के साथ लगातार पैदल गश्त करते रहे। शहर के प्रमुख धार्मिक स्थलों जैसे सिविल लाइंस हनुमान मंदिर, बंधवा हनुमान मंदिर आदि जगहों पर भी फोर्स तैनात रही। आईजी केपी सिंह ने बताया कि फोर्स की जहां ड्यूटी लगाई गई थी, वह मंगलवार रात भर चलती रही। शहर के प्रमुख व्यवसायिक इलाकों और ढाबों आदि पर भी चेकिंग होती रही। बाहर से आने वालों के बारे में भी पुलिस ने जानकारी इकट्ठी की और उनसे यहां आने के कारणों के बारे में पूछा गया।
रेंज के चार जिलों में 76 जगह रात भर चेकिंग
प्रयागराज। आईजी केपी सिंह ने बताया कि रेंज के चारों जिलों प्रयागराज, कौशांबी, प्रतापगढ़ और फतेहपुर में 76 जगहों पर नान स्टाप ड्यूटी लगाई गई थी। कई जगह शिफ्ट भी ड्यूटी लगाई गई। पुलिस ने मंगलवार की रात में 14331 वाहनों की चेकिंग की। रात में बेमकसद घूमने वाले 95 लोगों के खिलाफ निरोधात्मक कार्रवाई की गई। एसओ और सीओ को भी खुद मौके रहकर चेकिंग के निर्देश दिए गए थे। सभी प्रमुख स्थानों पर पुलिस के साथ साथ आरएएफ और पीएसी को तैनात किया गया था। बीडीडीएस और एएस टीमों को एलर्ट मोड पर रखा गया था।
स्टेशनों और बस अड्डों की भी निगरानी
प्रयागराज। शहर में स्टेशनों और बस अड्डों पर भी रात भर निगरानी रखी गई। जंक्शन तथा अन्य स्टेशनों पर आरपीएफ और जीआरपी के साथ साथ स्थानीय फोर्स ने भी चप्पे-चप्पे की तलाशी ली। यात्रियों से पूछताछ की गई। कई संदिग्ध लोगों को थाने लाकर पूछताछ की गई। हालांकि बाद में उन्हें छोड़ दिया गया। इसी तरह बस अड्डों पर भी फोर्स तैनात रही। स्टेशनों और बस अड्डों पर अधिकारियों ने लगातार ड्यूटी का निरीक्षण किया और एलर्ट रहने का निर्देश देते रहे।