शेरडीह ग्रामसभा की महिला प्रधान रहीं सरस्वती देवी के दो बेटों समेत छह के खिलाफ झूंसी पुलिस ने गैंगेस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की है। इन पर प्रापर्टी डीलर सुरेश तिवारी उर्फ बल्लू पंडित के अलावा कई हत्याओं, हत्या के प्रयास और नई झूंसी के व्यापारी से रंगदारी मांगने का आरोप है। दो आरोपियों को झूंसी पुलिस ने गिरफ्तार भी किया।
थाना क्षेत्र का शेरडीह गांव दो दशक से सुर्खियों में रहा है। यहां के प्रधान परिवार की दुश्मनी में कई हत्या हो चुकी हैं। दो साल पहले झूंसी के प्रापर्टी डीलर सुरेश तिवारी उर्फ बल्लू पंडित की हाईवे पर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
बल्लू की हत्या 20 मई 2019 को न्यायनगर गेट के सामने की गई थी। इसके पहले 12 फरवरी 2019 को शेरडीह गांव में राजदेव की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इसके साथ ही 26 मई 2019 को नई झूंसी के कारोबारी रतन कुमार अग्रवाल से जेल के अंदर से रंगदारी मांगी गई थी।
बाद में रतन के चचेरे भाई कृष्ण कुमार अग्रवाल पर गोलियां भी बरसाई गईं थी, जिसमें वह गंभीर जख्मी हो गया था। इन सभी मामलों में शेरडीह गांव की प्रधान रहीं सरस्वती देवी के बेटे संतोष कुमार यादव तथा राजकुमार यादव आरोपी हैं। दोनों इन दिनों जेल में बंद हैं।
इनके गिरोह में शामिल राकेश कुमार यादव, मिथिलेश कुमार यादव, सुजीत कुमार यादव तथा मंगल पासी सभी निवासी शेरडीह ग्रामसभा पर गैंगेस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है। इनमें दो आरोपी राकेश और सुजीत कुमार यादव को झूंसी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।