उनके पास से 61 लाख 50 हजार रुपये, एक प्रश्न पुस्तिका और दो ओएमआर शीट, 14 प्रवेश पत्र, साक्षात्कार सूची, 9 प्रमाणपत्र और प्रश्न पत्र और व्हाट्सएप चैटिंग के 68 स्क्रीन शाट बरामद हुए। गिरोह के लोग राजस्थान सबार्डिनेट सर्विस सेलेक्शन बोर्ड समेत तमाम प्रतियोगी परीक्षाओं में अभ्यर्थियों को पास कराने के लिए आठ से नौ लाख लेते थे। वह अभ्यर्थियों से ओएमआर शीट खाली छोड़वा देते थे।
बाद में डेटा इंट्री एजेंसी में ओएमआर शीट भर दी जाती थी। ऐसे ही 18 अभ्यर्थियों को राजस्थान सर्विस सेलेक्शन की परीक्षा पास कराई गई थी। उन्हीं से 61 लाख 50 हजार रुपये लिए गए। डिप्टी एसपी नवेंदु सिंह ने बताया कि राजस्थान के रमेश मीणा और धर्मेंद्र मीणा को वांटेड किया गया है। उनकी तलाश की जा रही है।