पिछले वर्ष पूर्वी लद्दाख के गलवान घाटी में चीनी सेना के जवानों के साथ हुए संघर्ष में शहीद हुए सैनिकों की याद में प्रयागराज में सेना द्वारा एक गैलरी तैयार की गई है। यहां न्यू कैंट स्थित पूर्वी यूपी और एमपी सब एरिया मुख्यालय के पास इस गैलरी को तैयार किया गया है। इस गैलरी में गलवान घाटी में शहीद हुए सभी सैनिकों के नाम के साथ उनकी मूर्तियां लगाई गई हैं। सेना द्वारा इस गैलरी का उद्घाटन 14 जून को करवाने की तैयारी की जा रही है।
दरअसल पिछले वर्ष ही लद्दाख की गलवान घाटी में 15 जून को चीनी सैनिकों से हुई झड़प में देश के 20 जवान शहीद हुए थे। यह झड़प गलवान घाटी में पैंगोंग लेक इलाके में हुई थी। इस दौरान चीन के भी काफी सैनिक मारे गए। गलवान घाटी में शहीद हुए सैनिकों की याद में सेना द्वारा पिछले वर्ष ही प्रयागराज में गैलरी बनाने की तैयारी की गई। यहां इसका निर्माण कार्य पिछले वर्ष शुरू हुआ।
अब यह गैलरी तैयार हो गई है। इसमें गलवान के सभी शहीदों की मूर्तियां उनके नाम के साथ लगाई गई हैं। हालांकि इस गैलरी को अभी खोला नहीं गया है। सेना की तैयारी है कि यह गैलरी 14 जून को खोली जाए। क्योंकि 15-16 जून की रात में ही यह सभी 20 जवान शहीद हुए थे। उनकी शहादत की पूर्व संध्या पर सब एरिया के जीओसी मेजर जनरल आई एम लांबा एवं जिलाधिकारी और प्रशासन के अन्य अफसरों की मौजूदगी में इस गैलरी का उद्घाटन करवाने की तैयारी की गई है।
गलवान घाटी में पिछले वर्ष जून में हुई थी हिंसक झड़प
पिछले वर्ष लद्दाख की गलवान घाटी में 15-16 जून की रात को चीन के सैनिकों ने धोखे से निहत्थे भारतीय जवानों पर हमला बोल दिया था। जिसमें एक कर्नल समेत 20 भारतीय जवान वीरगति को प्राप्त हुए थे। भारतीय सैनिकों ने खाली हाथों से ही चीन के कई सैनिकों को हताहत कर दिया।
गलवान के शहीद दीपक का प्रयागराज लाया गया था पार्थिव शरीर
गलवान घाटी में चीनी सैनिकों के साथ संघर्ष के दौरान शहीद रीवां के दीपक कुमार का पार्थिव शरीर पिछले वर्ष 18 जून को प्रयागराज स्थित मुख्यालय पूर्व यूपी एवं एमपी सब एरिया के मिलिट्री हॉस्पिटल में लाया गया था। यहां शहीद दीपक को श्रद्धांजलि दी गई। मुख्यालय के जनरल ऑफिसर कमांडिंग मेजर जनरल आईएम लाम्बा ने गारद की सलामी के बीच पुष्पचक्र अर्पित किया। इस दौरान जिला प्रशासन के भी तमाम अफसरों ने शहीद दीपक को श्रद्धांजलि दी थी।