होलागढ़ उप डाकघर में आवर्ती जमा बचत खाता खुलवाने में फर्जीवाड़े का मामला सामने आया है। इस मामले में उप डाकपाल राकेश शुक्ला और सहायक प्रदीप कुमार को निलंबित कर दिया गया है। जबकि, आरोपी राजेश कुमार द्विवेदी फरार है। मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय टीम गठित की गई है जिसे 15 दिन में रिपोर्ट देनी है।
टीम मौके से उपलब्ध दस्तावेज और इस मामले से जुड़े लोगों के बयान सहित अन्य तरीकों से जांच कर रही है। सूत्रों के मुताबिक आरोपी राजेश कुमार द्विवेदी क्षेत्र में बेहद प्रभावशाली व्यक्ति है।
होलागढ़ के सुशील कुमार ओझा ने वरिष्ठ डाक अधीक्षक सुशील कुमार तिवारी से मामले की शिकायत की थी। पीड़ित ने बताया कि होलागढ़ के उप डाकघर में बैठने वाले एक व्यक्ति ने खुद को डाककर्मी बताते हुए उसका खाता खोला और फोटो कॉपी युक्त पासबुक दिया। रुपये देने पर वो पासबुक में पेन से लिखकर इंट्री करता था। असली पासबुक मांगने पर वो एक साल तक प्रिंटर खराब होने का बहाना करता रहा।
रुपये निकालने की बात पर वह बहाना करने लगा। इससे आरोपी पर शक हुआ। जानकारी करने पर पता चला कि उसका डाकघर में कोई खाता ही नहीं है। इसके बाद उसने प्रधान डाकघर में मामले की शिकायत की। शुरुआती जांच में मामला सही पाए जाने पर पोस्टमास्टर जनरल राजीव उमराव ने उप डाकपाल और सहायक को तत्काल निलंबित कर दिया। पोस्टमास्टर जनरल राजीव उमराव ने कहा कि उप डाकघर में एजेंट का बैठना और पासबुक में हेराफेरी करने के मामले में उचित कार्रवाई होगी।