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प्रयागराज : अतीक और अशरफ की हत्या के आरोपियों से पूछताछ के लिए पांच दिन की कस्टडी रिमांड मंजूर

Wed, 19 Apr 2023 08:13 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

कोर्ट की ओर से मंजूर कुल पांच दिन की कस्टडी रिमांड के तहत एसआईटी 19 अप्रैल की दोपहर दो बजे से 23 अप्रैल की शाम पांच बजे तक पूछताछ कर सकेगी। हालांकि, कोर्ट ने कई शर्तें भी लगाई हैं। इसके पहले हत्या के तीनों आरोपियों को कोर्ट के सामने पेश किया गया।

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Prayagraj News : अतीक और अशरफ के हत्यारोपियों को न्यायालय में पेश करने ले जाती पुलिस। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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इलाहाबाद के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की कोर्ट ने अतीक और अशरफ की सरेआम हुई हत्या के तीनों आरोपियों से पूछताछ के लिए एसआईटी की कस्टडी रिमांड मंजूर कर ली है। कोर्ट की ओर से मंजूर कुल पांच दिन की कस्टडी रिमांड के तहत एसआईटी 19 अप्रैल की दोपहर दो बजे से 23 अप्रैल की शाम पांच बजे तक पूछताछ कर सकेगी। हालांकि, कोर्ट ने कई शर्तें भी लगाई हैं।

इसके पहले हत्या के तीनों आरोपियों को कोर्ट के सामने पेश किया गया। एसआईटी ने अर्जी दाखिल कर कोर्ट से तीनों अभियुक्तों अरुण, लवलेश और सनी से पूछताछ के लिए सात दिन की रिमांड पर देने की मांग की। कहा, हत्याकांड से जुड़े कई तथ्य और अभिलेख जुटाए जाने है, जिसमें मोबाइल, असलहा सहित कई अन्य चीजें शामिल हैं।

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लिहाजा, तीनों को रिमांड पर लेकर पूछताछ की जाएगी और सुबूत जुटाए जाएंगे। कोर्ट ने एसआईटी की अर्जी को स्वीकार करते हुए पांच दिन की रिमांड मंजूर कर ली। लेकिन, कोर्ट ने कस्टडी रिमांड मंजूर करते हुए कई शर्तें भी लगाई हैं। तीनों आरोपियों को सुबह 10.30 बजे सीजेएम कोर्ट के सामने पेश किया गया था।

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आरोपियों को पूछताछ के दौरान अधिवक्ता रखने की छूट

कोर्ट ने कहा है कि आरोपी अगर अपने साथ अपने अधिवक्ता रखते हैं तो उन्हें इसके लिए छूट रहेगी लेकिन अधिवक्ता जांच में किसी तरह का हस्तक्षेप नहीं करेंगे। वह 100 मीटर की दूरी पर रहेंगे। एसआईटी किसी भी तरह की मानसिक प्रताडऩा नहीं करेगी और तीनों का चिकित्सकीय परीक्षण कराया जाएगा।

मामला गंभीर होने की वजह से कचहरी की सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई थी। बड़ी संख्या में पुलिस, आरपीएफ के जवान मौजूद रहे। इससे कचहरी परिसर दोपहर से पहले छावनी में तब्दील रहा। अभियोजन की ओर से सयुंक्त निदेशक अभियोजन विश्वनाथ त्रिपाठी, अभियोजन अधिकारी अतुल्य द्विवेदी, प्रदीप शर्मा और सुभाष त्रिपाठी ने पैरवी की।

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