फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Prayagraj : भूमि विवाद में पुलिस चाैकी के बाहर ही पथराव और फायरिंग, चाैकी प्रभारी समेत चार घायल

Thu, 15 May 2025 06:34 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

नैनी के मामा भांजा पुलिस चौकी के पास भूमि विवाद को लेकर चल रहे समझौते के बीच मारपीट शुरू हो गई। इस दौरान हुए पथराव फायरिंग में चौकी इंचार्ज अरविंद कुमार गोली लगने से घायल हो गए। गोली उनके पैर में लगी है। दरोगा को गोली लगने की सूचना पर पुलिस महकमे में खलबली मच गई।
विज्ञापन
नैनी के मामा भांजा पुलिस चौकी के पास गोली चलने पर पहुंची पुलिस। - फोटो : अमर उजाला।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

नैनी थाना क्षेत्र के मामा भांजा चौकी पर बृहस्पतिवार दोपहर को एक जमीन के विवाद को लेकर राजस्व टीम की मौजूदगी में दोनों पक्षों को बुलाकर वार्ता की जा रही थी। इस दौरान राजस्व की टीम द्वारा सीमांकन न होने तक दोनों पक्षों को वहां किसी तरह का कोई कार्य न करने की हिदायत दी गई। इसके बाद चौकी से बाहर आते ही दोनों पक्ष फिर से भिड़ गए। पथराव और फायरिंग शुरू हो गई। इसमें मामा भांजा तालाब के चौकी प्रभारी अरविंद कुमार और एक सिपाही समेत चार लोग घायल हो गए। मौके पर घूरपुर, औद्योगिक क्षेत्र, नैनी, लालापुर पुलिस पहुंची। साथ ही डीसीपी विवेक चंद्र यादव, एसीपी करछना वरुण कुमार भी पहुंचे।

विज्ञापन


बताते हैं कि बलिया निवासी जान्हवी पांडेय और प्रयागराज के बादशाही मंडी के रहने वाले प्रमोद शर्मा के बीच काफी दिनों से ददरी में स्थित एक प्लाट को लेकर विवाद चल रहा है। प्लाट तीन विस्वा का है और इस समय उसकी कीमत करोड़ों में है। बृहस्पतिवार को भूमि विवाद के निस्तारण को लेकर एक पक्ष की ओर से कानून गो और लेखपाल समेत राजस्व की टीम को बुलाया गया था। इसके बाद दोनों पक्षों को पुलिस की मौजूदगी में मामा भांजा पुलिस चौकी में बुलाकर वार्ता चल रही थी। दोनों पक्षों से उनके अधिवक्ता भी माैजूद थे। तभी एक पक्ष उत्तेजित हो गया।
 

फिर दोनों ओर से पथराव होने लगा। इस बीच किसी ने फायरिंग शुरू कर दी। इसमें चौकी प्रभारी अरविंद सिंह, चौकी का एक सिपाही, नैनी निवासी शैलेश मिश्रा व पीयूष मिश्रा घायल हो गए। घटना की जानकारी होते ही कई थाने की पुलिस मौके पर बुला ली गई। घटना के बाद दोनों पक्ष के लोग वहां से भाग गए। इसके बाद दोनों पक्षों की ओर से अधिवक्ता थाने पहुंच गए। एक फिर थाने में हंगामा होते देख पुलिस ने लाठी चार्ज कर दिया।

इसमें एक अधिवक्ता आकाश मिश्रा घायल हो गए। समाचार कवरेज करने गए मीडिया कर्मियों को भी दौड़ाकर मारा गया। डीसीपी का कहना है कि जमीन के विवाद को निपटाने के लिए राजस्व की टीम पहुंची थी। उसी दौरान दोनों पक्षों में मारपीट हो गई। उन्होंने कहा है कि तहरीर मिलने पर मुकदमा दर्ज किया जाएगा। समाचार लिखे जाने तक बड़ी संख्या में अधिवक्ता थाने में जुटे थे। पीएसी समेत कई थानों की पुलिस भी मौजूद रही।
विज्ञापन

दोनों पक्षों से पैरवी करने के लिए चौकी पहुंचे थे जमीन कारोबारी

कहने को तो जमीन के विवाद के निस्तारण को लेकर दोनों पक्षों को चौकी बुलाया गया था और मौके पर राजस्व की टीम मौजूद थी। लेकिन दोनों पक्ष से जमीन का कारोबार करने वालों की टीम पहुंची थी। इसमें एक पक्ष से थाने का हिस्ट्रीशीटर था, तो दूसरे पक्ष से पहुंचा व्यक्ति भी कई आपराधिक मामलों में लिप्त था।

राजस्व टीम की भूमिका पर उठ रहा सवाल

नैनी। जिस भूमि को लेकर चौकी के सामने फायरिंग की गई है, उस भूमि के विवाद में राजस्व की टीम की भूमिका संदिग्ध मानी जा रही है। लोगों का कहना है कि क्षेत्र में तैनात लेखपाल काफी समय से यहां पर है। इस तरह के विवादों को सुलझाने की बजाय लोगों को तहसील और थाने का चक्कर लगाया जाता है। अधिकारियों के निर्देश पर कोई न कोई दिक्कत बताकर मामले को टरकाने का काम किया जाता है। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें