ईद की दस्तक के साथ ही सेवइयों की दरकार भी बढ़ती जा रही है। ईद के दिन जैसे-जैसे करीब आ रहे हैं, नखासकोहना स्थित सेवई मंडी की रौनक कई गुना बढ़ गई है। बाजार सेवई के खरीदारों से देर रात तक गुलजार है। खास यह कि परिचितों, रिश्तेदारों के यहां तोहफे के तौर पर पासप़ड़ोस के जिलों के अतिरिक्त सऊदी अरब तक इलाहाबादी सेवइयां भेजी जा रही हैं। लोग अपने रिश्तेदारों और अरब में काम करने वाले परिजनों को यहां की सेवईं भेज रहे हैं ताकि उन्हें यहां न पहुंच पाने का अफसोस न रहे। साथ ही सेवइयों की मिठास बनी रहे।
बाजार में वैसे तो ईद के मद्देनजर कई किस्म की सेवइयां मौजूद हैं लेकिन अपने बेहतरीन स्वाद की वजह से किमामी सेवई हर दिल अजीज बनी हुई है। सबसे ज्यादा डिमांड इसी सेवई की है। अपनी पसंद के मुताबिक लोग बाजार से मशीन के साथ ही हाथ से बनी सेवई भी खरीद रहे हैं। सेवई विक्रेता नुसरत नवाबी और हाजी कहते हैं, रमजान में एक दिन में ही तकरीबन चार से पांच हजार रुपये तक की सेवइयों की बिक्री हो जाती है। लोग अपने घरों और रिश्तेदारों के अतिरिक्त तमाम परिचितों को भी तोहफे में सेवइयां भेज रहे हैं।