गांव में दुर्गापूजा और रामलीला के आयोजन को लेकर हुई चंदा वसूली के विवाद को लेकर नवमी की रात दो पक्षों में हुई मारपीट में घायल एक युवक की इलाज के दौरान मौत हो गई। आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने बीच सडक़ पर शव रखकर चक्काजाम कर दिया। बाद में आरोपियों की गिरफ्तारी और आर्थिक सहायता के आश्वासन पर ढाई घंटे बाद चक्काजाम समाप्त हुआ।
संग्रामगढ़ थाना क्षेत्र के बेहलामई निवासी रामकैलाश उर्फ छुट्टन (36) पुत्र श्रीनाथ और उसका भाई राजकुमार उर्फ गुड्डन प्रत्येक साल गांव में दुर्गा पूजा और रामलीला का आयोजन करते थे। इस बार गांव में महादेव इंटर कालेज के नाम से विद्यालय चलाने वाले राजकुमार पटेल निवासी भरिस्ता थाना संग्रामगढ़ ने दूसरी जगह नव दुर्गा पूजा की प्रतिमा स्थापित कर रामलीला का मंचन कराया था। नवमी की शाम विसर्जन के दिन दोनों पक्षों में चंदा वसूली को लेकर विवाद हो गया।
इसमें दोनों तरफ से जमकर मारपीट हुई। इसमें रामकैलाश उर्फ छोटन और दूसरे पक्ष से रामसुमेर पटेल पुत्र महादेव को चोट आई थी। गंभीर रूप से घायल रामकैलाश उर्फ छोटन को परिजनों ने संग्रामगढ़ अस्पताल से रेफर कर दिया गया था।
उसका इलाज प्रयागराज में एक निजी नर्सिंगहोम में चल रहा था। मंगलवार को इलाज के बाद रामकैलाश छुट्टन को लेकर परिजन घर लौटे तो रात में उसकी मौत हो गई। गुरुवार को सुबह ग्रामीणों और परिजनों ने शव को नई बाजार में रखकर हीरागंज-बाबागंज मार्ग जाम कर दिया।
साथ ही पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करनी शुरू कर दी। सूचना पर एसडीएम मोहनलाल गुप्ता और सीओ लालगंज रमेश कुमार मौके पर पहुंचे। इसके बाद आर्थिक सहायता और आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया। इस पर ढाई घंटे बाद चक्का जाम खत्म हुआ औ पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
संग्रामगढ़ पुलिस ने मृतक के भाई राजकुमार उर्फ गुड्डन की तहरीर पर गांव के ही अपना दल नेता राजकुमार पटेल, संतलाल पटेल, जयप्रकाश साहू और सूबेदार पटेल के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है।
बिना अनुमति हुई दुर्गा पूजा और रामलीला
कुंड। संग्रामगढ़ थाना क्षेत्र के बेहलामई गांव में हर साल राजकुमार उर्फ गुड्डन और उसका भाई राम कैलाश उर्फ छोट्टन 9 दिन तक दुर्गा पूजा और रामलीला का आयोजन करते हैं ।अबकी बार राजनीतिक कारणों से गांव के ही रामसुमेर पटेल और उसके भांजे राजकुमार पटेल के विद्यालय महादेव उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के नाम से स्कूल संचालित करता है।
उसने बिना अनुमति के गुटबाजी करते हुए दुर्गा प्रतिमा स्थापित की और रामलीला का मंचन भी किया। थानाध्यक्ष संग्रामगढ़ तुषारदत्त त्यागी का कहना है कि सिर्फ राजकुमार उर्फ गुड्डू द्वारा रामलीला और दुर्गा पूजा की अनुमति ली गई थी। दूसरे पक्ष द्वारा कोई अनुमति नहीं ली गई थी।
बाबागंज-हीरागंज मार्ग पर जाम लगाए बेहलामई गांव के लोग।- फोटो : PRATAPGARH