prayagraj news : जिला पंचायत कार्यालय।
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जिला पंचायत अध्यक्ष के लिए शनिवार को मतदान होगा लेकिन जीत-हार के दावों को लेकर गुत्थी सुलझने के बजाय और उलझ गई है। शह-मात के इस खेल में ज्यादातर सदस्य ही भूमिगत हो गए हैं। इससे प्रत्याशियों का उनसे संपर्क नहीं हो पा रहा। इससे मुश्किलें और बढ़ गई हैं। सपा समर्थित मालती यादव और भाजपा डॉ.वीके सिंह दोनों ही प्रत्याशी जीत का दावा कर रहे हैं लेकिन सदस्यों से संपर्क नहीं हो पाने की वजह से दोनों ही दल के नेता आश्वस्त नहीं हो पा रहे।
बताया जा रहा है कि मतदान की तारीख नजदीक आने के साथ अन्य राज्य में भेजे गए सदस्यों को भी आसपास के जिलों में बुला लिया गया है लेकिन दूसरे पक्ष के नेताओं के संपर्क में न आने पाएं, इसके लिए पूरी सावधानी बरती जा रही है। एक वरिष्ठ नेता ने बताया कि होटल तथा गेस्ट हाउस पर लोगों की नजर है। इसलिए जिला पंचायत सदस्यों को वरिष्ठ नेताओं की निगरानी में अलग-अलग स्थानों पर रखा गया है। सभी सदस्य मतदान के दिन जिला पंचायत भवन पर प्रकट होंगे। अलग-अलग रूप धारण कर पहुंचेंगे वोट डालने, पढ़ें अगली स्लाइड में...
prayagraj news : भाजपा प्रत्याशी डॉ. वीके सिंह और सपा प्रत्याशी मालती यादव।
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सदस्यों को लाने की बनी रणनीति, धारण करेंगे अलग-अलग रूप
भाजपा और सपा की ओर से की जा रही घेराबंदी के बीच जिला पंचायत सदस्यों को मतदान के दिन मुख्यालय तक लाने की चुनौती खड़ी हो गई है। इससे निपटने के लिए कई स्तर पर रणनीति तैयार की गई है। वरिष्ठ नेताओं को यह जिम्मेदारी तो दी ही गई है, सदस्य वेष-भूषा बदलकर भी आ सकते हैं। जिले के चिह्नित स्थानों के अलावा पंचायत भवन के आसपास बड़ी संख्या में नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहेंगे। ताकि, सदस्यों को बिना बाधा मतदान स्थल तक पहुंचाया जा सके।
जिला पंचायत सदस्यों से संपर्क बनाने के लिए बृहस्पतिवार को भी अलग-अलग तरह से प्रयास किए गए। परिवार वालों के साथ जिला पंचायत सदस्य को सियासत में लाने वाले नेताओं की भी घेराबंदी की जा रही है। सपा ने तो पुलिस पर भी दबाव बनाने का आरोप लगाया है। ऐसे में सदस्यों को पंचायत भवन तक पहुंचाने को लेकर खास रणनीति बनाए जाने की बात कही जा रही है।
वरिष्ठ नेताओं के अनुसार पंचायत भवन के अलावा शहर के अलग-अलग हिस्सों में अधिवक्ता मौजूद रहेंगे। सदस्य भी अधिवक्ता के वेष में पंचायत भवन पहुंच सकते हैं। इसके अलावा उन्हें लग्जरी गाड़ियों के बजाय स्कूटर, मोटर साइकिल से भी पंचायत भवन तक लाने की रणनीति बनाई गई है। एक नेता का कहना है कि समर्थन कर रहे ज्यादातर सदस्य शुक्रवार की रात में ही आ जाएंगे। मतदान के दिन सुरक्षा घेरा के बीच उन्हें पंचायत भवन तक पहुंचाया जाएगा। उन्होंने बताया कि पंचायत भवन के चारों तरफ समर्थक मौजूद रहेंगे।