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नहीं मिली दीक्षा, पुलिस निकलवा रही कॉल डिटेल

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Did not get Diksha, police outgoing call details
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नहीं मिली दीक्षा, पुलिस निकलवा रही कॉल डिटेल
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कथित पति की भी खंगाली जाएगी मोबाइल डिटेल
अपहरण के आरोप में दर्ज कराया गया है मुकदमा
अमर उजाला ब्यूरो
प्रयागराज। पूर्व डिप्टी मेयर की पौत्री दीक्षा अग्रवाल का तीसरे दिन भी कुछ पता नहीं चल सका। उसकी तलाश में जुटी पुलिस टीम अब उसके मोबाइल की कॉल डिटेल निकलवा रही है। इसके साथ ही आरोपी ऋतुराज के मोबाइल की भी कॉल डिटेल खंगालने की तैयारी की जा रही है।
पूर्व डिप्टी मेयर मुरारीलाल अग्रवाल की पौत्री दीक्षा अग्रवाल पांच जुलाई को संदिग्ध हाल में गायब हो गई थी। परिजनों ने 15 जुलाई को सिविल लाइंस थाने में उसके अपहरण का मामला दर्ज कराते हुए भोपाल निवासी ऋतुराज व उसके माता-पिता को नामजद किया। इससे पहले दीक्षा का सोशल मीडिया पर एक वीडिया भी वायरल हुआ जिसमें वह अपनी मर्जी से शादी करने की बात कहते हुए परिजनों से तंग न करने की अपील करते दिख रही थी। हालांकि परिजनों ने आरोप लगाया कि उससे जबरन यह वीडियो बनवाया गया। तीन दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस अब तक न तो दीक्षा के बारे में कुछ पता कर सकी है और न ही आरोपी ऋतुराज के बारे में कोई जानकारी जुटा पाई है। उसकी तलाश कर थक चुकी पुलिस अब दीक्षा व आरोपी ऋतुराज के मोबाइल की कॉल डिटेल खंगालने की तैयारी में है। हालांकि दीक्षा के साथ ही आरोपी व उसके माता-पिता का मोबाइल नंबर फोन पिछले चार दिनों से बंद है। पुलिस का मानना है कि कॉल डिटेल रिपोर्ट मिलने के बाद कुछ अहम जानकारियां मिल सकती हैं। यह भी पता चलेगा कि गायब होने के बाद से दीक्षा की किन-किन नंबरों पर बात हुई और वह कहां-कहां गई। इंस्पेक्टर सिविल लाइंस राकेश चौरसिया का कहना है कि जांच पड़ताल की जा रही है। दीक्षा के मिलने के बाद उसका कोर्ट में बयान दर्ज कराया जाएगा। इसके बाद जो भी कोर्ट का आदेश होगा, उसके अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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कोई मददगार तो नहीं?
दीक्षा की तलाश में जुटी पुलिस इस बात का भी पता लगाने में जुटी है कि दीक्षा के गायब होने के मामले में कोई स्थानीय व्यक्ति तो शामिल नहीं। दरअसल आरोपी ऋतुराज के परिजनों ने तीन दिन पहले मीडिया को बताया था ऋतुराज चार जुलाई को प्रयागराज जाने की बात कहकर घर से निकला था। अगले दिन वह भोपाल आया लेकिन इसके बाद से उसका कुछ पता नहीं चला। ऐसे में यह भी हो सकता है कि उसका कोई परिचित शहर में भी हो, जिसकी मदद से वह दीक्षा को अपने साथ ले गया। पुलिस का कहना है कि फिलहाल ऐसे किसी व्यक्ति का नाम सामने नहीं आया है। लेकिन हर बिंदु को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है।
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