इलाहाबाद। शहर के उंचवागढ़ी में मुहल्ले में रविवार भोर में जिंदगी से हताश प्रतियोगी छात्र अवनीत ने खुदकुशी कर ली। उसने सुसाइड नोट में परिजनों और रिश्तेदारों से इस क दम के लिए माफी मांगी है। सुबह मकान मालिक के बेटे ने दरवाजा खोला तो अंदर छात्र का शव फांसी पर लटका दिखा। सूचना पर पहुंची कैंट पुलिस ने शव को फंदे से उतारा। बेटे की मौत की सूचना पाकर परिवार के लोग कन्नौज से इलाहाबाद आ रहे हैं।
कन्नौज जनपद में छिबरामऊ निवासी दिलीप कुमार इलेक्ट्रॉनिक की दुकान चलाते हैं। उनके दो बेटो में बड़ा अवनीत कुमार (30) यहां कैंट के उंचवागढ़ी में लॉज में किराए पर रहकर प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी करता था। वह स्कूल और कोचिंग में पढ़ाकर अपना खर्च चलाता था। रविवार सुबह मकान मालिक के बेटे ने अनवीत के कमरे के बाहर एक कागज पड़ा देखा। उस पर अंग्रेजी में लिखा था- कृपया दरवाजा खोले और मेरे परिवार के लोगों को बुला दें। उसने दरवाजा खोला तो अंदर का नजारा देख सन्न रह गया। कमरे में अवनीत का शव फांसी के फंदे पर लटक रहा था। सूचना पर पहुंची कैंट पुलिस ने शव को उतारा। अवनीत के बिस्तर पर पुलिस को अंग्रेजी में लिखा सुसाइड नोट मिला। कमरे में बिजली के बोर्ड पर भी उसने आत्महत्या के बारे में लिखा है। पुलिस ने घटना की सूचना परिजनों को दी तो कोहराम मच गया। परिजन इलाहाबाद के लिए चल दिए। सुसाइड नोट से पता चलता है कि किसी बात से अवनीत बेहद तनाव में था। दो दिन पहले उसका छोटा भाई पॉलीटेक्निक में दाखिले के लिए शहर आया लेकिन उससे अपनी परेशानी के बारे में उससे भी कोई चर्चा नहीं की थी।