डीएफसीसी के खुर्जा-भदान सेक्शन पर मालगाड़ियों का संचालन देगा राहत
पीएम मोदी से डीएफसीसी का उद्घाटन करवाने की चल रही है तैयारी
प्रयागराज। देश के सबसे व्यस्ततम रेलमार्ग दिल्ली-हावड़ा रूट पर इस बार तमाम यात्री ट्रेनों की रफ्तार नहीं थमेगी। इस रूट की अधिकांश ट्रेनें कोहरे के दौरान अपने समय पर चल सकती है। यह संभव होगा रेलवे के डेडीकेटेेड फ्रेट कॉरीडोर कारपोरेशन (डीएफसीसी) में चलने वाली मालगाड़ियों की आवाजाही से। कोहरे के दौरान डीएफसीसी के खुर्जा-भदान सेक्शन पर ज्यादा से ज्यादा मालगाड़ी चलाने की तैयारी की जा रही है। अगर ऐसा हुआ तो मुख्य रूट पर चलने वाली ट्रेनों की रफ्तार पर ज्यादा ब्रेक नहीं लगेगा।
वर्तमान समय डीएफसीसी के खुर्जा-भदान रूट के बीच अब तक तकरीबन 500 मालगाड़ियों का सफल संचालन किया जा चुका है। हालांकि, अभी यहां मालगाड़ियों का व्यावसायिक परिचालन शुरू नहीं किया गया है, लेकिन उम्मीद जताई जा रही है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जल्द ही इस डीएफसीसी के इस रूट पर व्यावसायिक परिचालन शुरू करवाने के लिए हरी झंडी दिखा सकते हैं। ऐसा हो जाने के बाद सबसे ज्यादा फायदा दिल्ली-कानपुर-इलाहाबाद रूट पर चलने वाली यात्री ट्रेनों पर होगा। वैसे भी संभावित कोहरे के मद्देनजर तमाम ट्रेनों का जहां निरस्तीकरण किया जा चुका है तो कुछ के फेरे में कमी की गई है। डीएफसीसी रूट पर मालगाड़ी शिफ्ट हो जाने के बाद ट्रैक खाली हो जाएगा। इससे अन्य यात्री ट्रेनें नहीं फंसेंगी। उनके समय पालन में भी सुधार आएगा। उत्तर मध्य रेलवे के पीआरओ डॉ. अमित मालवीय के मुताबिक अभी इस रूट के खोले जाने की आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है। लेकिन यह बात सही है कि अगर डीएफसीसी पर सभी मालगाड़ियां शिफ्ट हुई तो निश्चित ही कोहरे के दौरान मुख्य रूट पर ट्रेनों की समय पालनता में खासा सुधार आएगा।