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टैंकर की चपेट में आकर पुरोहित समेत दो की मौत

Thu, 14 Dec 2017 12:57 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
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accident - फोटो : graphic
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धूमनगंज थाना क्षेत्र के झलवा स्थित आईटीबीपी कैंप के पास बुधवार की शाम इंडियन आयल के टैंकर की चपेट में आकर युवा पुरोहित समेत दो लोगों की मौत हो गई। दोनों पड़ोसी थे। घटना से दोनों के घरों में कोहराम मच गया। टैंकर चालक मौके से भाग निकला। कौशांबी के करारी थाना क्षेत्र के अरका महावीरपुर के रहने वाले हनुमान प्रसाद मिश्रा किसान हैं। उनके बड़े बेटे अनूप मिश्रा उर्फ मोनू पंडित (22) संपूर्णानंद संस्कृति विश्वविद्यालय से शास्त्री की डिग्री लेने के बाद ट्रांसपोर्ट नगर में रहकर पुरोहित का काम करते थे। करारी में उनके पड़ोसी राम मूरत त्रिपाठी (58)  को मोनू चाचा कहते थे। राम मूरत चक निरातुल में रहकर चौक में किसी कपड़े की दुकान पर काम करते थे। दो दिन पहले मोनू गांव गए थे। राम मूरत भी किसी काम से करारी गए थे। बुधवार की शाम मोनू इलाहाबाद वापस आ रहे थे। राम मूरत ने कहा उन्हें भी लेते चले। दोनों साथ में बाइक बैठकर इलाहाबाद आ रहे थे। शाम को झलवा स्थित आईटीबीपी कैंप के पास उनकी बाइक इंडियन आयल के टैंकर के चपेट में आ गई। पहिये के नीचे आने से दोनों की मौके पर ही मौत हो गई थी। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंच गई।
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करारी में दोनों के  घरों में सूचना गई तो वहां हड़कंप मच गया। दोनों के परिजन बदहवास हालत में इलाहाबाद पहुंचे। तब तक पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया था। मोनू और राम मूरत के परिजन बिलखते रहे। एसओ नागेश सिंह ने बताया कि टैंकर चालक मौके से भाग निकला है। इस मामले में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।

मोनू पंडित और राम मूरत को काल साथ में खींचकर ले आया। मोनू को दोपहर में बाइक से इलाहाबाद के लिए निकलना था। तभी पड़ोसी राम मूरत ने कहा कि उन्हें भी साथ चलना है कि तो मोनू कुछ देर के लिए रुक गया। शाम को दोनों साथ ही बाइक से निकले और साथ में ही दोनों की जान भी चली गई। मोनू पंडित की मौत की सूचना पर उनके पिता हनुमान मिश्रा और मां मंजू मिश्रा छोटे बेटे गोलू तथा अन्य रिश्तेदारों के साथ स्वरूपरानी नेहरू स्थित पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे। जवान बेटे का शव देखकर मंजू और हनुमान प्रसाद चीख चीखकर बिलखने लगे। राम मूरत त्रिपाठी की पत्नी कलावती भी रो रहीं थीं। मंजू इसी बात को याद करके रो रही थी कि उनका बेटा अभी दो घंटे पहले सही सलामत घर से चला था। हनुमान प्रसाद का छोटा बेटा गोलू भी मोनू के साथ रहकर इंटर की पढ़ाई कर रहा है। उसे भी यकीन नहीं हो रहा था कि भइया के साथ ऐसी घटना हो गई। राम मूरत त्रिपाठी के बेटे प्रदीप ने बताया कि बडे़ भाई अरविंद हाईकोर्ट में एक वकील के मुंशी हैं। पिता चौक में कपड़े की दुकान पर काम करते थे। राम मूरत और अरविंद चक निरातुल मुहल्ले में रहते थे।
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