एलएलबी छात्र दिलीप कुमार सरोज की हत्या के तीसरे दिन पुलिस ने दो और आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इनमें टीटीई का ड्राइवर रामदीन मौर्य और एक अन्य आरोपी ज्ञानप्रकाश अवस्थी शामिल है। हालांकि मुख्य आरोपी टीटीई विजय शंकर सिंह अब भी फरार है। घटना में प्रयुक्त फॉर्च्यूनर गाड़ी भी बरामद कर ली गई है। मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी के लिए क्राइम ब्रांच समेत पुलिस की तीन टीमें विभिन्न स्थानों पर दबिश दे रही हैं।
शहर मेें रहकर इलाहाबाद डिग्री कॉलेज से एलएलबी कर रहे छात्र दिलीप कुमार सरोज को शुक्रवार की रात एक रेस्टोरेंट में बेरहमी से पीटा गया था, जिससे वह कोमा में चला गया था और रविवार को सुबह उसकी मौत हो गई थी। बवाल का अंदेशा देखते हुए आननफानन में पुलिस ने देर शाम प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाकर जानकारी दी कि दिलीप पर हमला करने वालों में शामिल होटल के वेटर मुन्ना सिंह चौहान को गिरफ्तार कर लिया गया है। बताया कि मुख्य आरोपी वाराणसी में तैनात टीटीई विजय शंकर सिंह है। उसके साथ ही दो अन्य लोगों की तलाश की जा रही है।
पुलिस अफसरों ने बताया कि आरोपियों की तलाश में लगी क्राइम ब्रांच समेत तीनों टीमों ने रात भर अलग-अलग जगहों पर दबिश दी। कुछ टीमें गैरजनपद भी पहुंची। सोमवार सुबह पुलिस ने रामदीन मौर्य पुत्र भवानी प्रसाद मौर्य (निवासी अतरसुमा कला, थाना कोडेभार, सुल्तानपुर) को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि रामदीन आरोपी टीटीई का ड्राइवर है। वीडियो फुटेज में टीटीई के अलावा एक अन्य व्यक्ति जो बेसुध पड़े दिलीप पर ईंट से हमला करता दिख रहा है, वह रामदीन ही है। इसके अलावा शाम को पुलिस ने दावा किया कि एक और हमलावर ज्ञान प्रकाश अवस्थी पुत्र राजकुमार अवस्थी (निवासी बेली रोड कटरा ) को गिरफ्तार कर लिया गया है। ज्ञानप्रकाश वीडियो फुटेज के द्वारा चिह्नित किया गया चौथा हमलावर है। पुलिस के मुताबिक, ज्ञानप्रकाश की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त फॉर्च्यूनर गाड़ी भी बरामद कर ली गई है।