पुलिस ने शनिवार को देवरिया जेल में बंद पूर्व सांसद अतीक अहमद के छोटे भाई फरार पूर्व विधायक अशरफ की संपत्ति की कुर्की की कार्रवाई की। पुलिस ने मरियाडीह के दोहरे हत्याकांड तथा तथा किसान नेता जीतेद्र पटेल के कत्ल में वांछित अशरफ के घर से खिड़की और दरवाजे उखाड़ लिए। पहले भी कुर्की हो चुकी थी इसलिए घर में कुछ था भी नहीं। इस दौरान आसपास के लोग वहां जुटकर पुलिस बल को पूर्व विधायक के घर में कुर्की करते देखते रहे।
छह महीने से फरार शहर पश्चिमी के पूर्व विधायक अशरफ के खिलाफ तीन माह पहले कोर्ट के आदेश पर हत्या की कोशिश के पुराने मामले में धूमनगंज पुलिस ने कुर्की की थी। फिर अशरफ की गिरफ्तारी पर 12 हजार रुपये का पुरस्कार घोषित किया गया। 25 सितंबर 2015 को मरियाडीह में फारच्यूनर गाड़ी के अंदर प्रधान आबिद की चचेरी बहन अल्कमा तथा ड्राइवर सुरजीत की हत्या में नए सिरे से जांच में अतीक, अशरफ, आबिद समेत 12 लोगों के नाम सामने आए। अतीक पहले से जेल में थे। आबिद समेत चार अन्य आरोपी भी जेल पहुंच गए मगर अशरफ नहीं पकड़ में आया। इसी बीच जीतेंद्र हत्याकांड में भी पुलिस की नई जांच में अतीक और अशरफ की भूमिका सामने आई। अशरफ के खिलाफ इन दो हत्याकांड में पहले सीआरपीसी की धारा 82 के बाद 83 यानी कुर्की का आदेश हो गया।
शनिवार दोपहर सीओ श्रीशचंद्र धूमनगंज, खुल्दाबाद, करेली पुलिस के साथ चकिया में पूर्व सांसद अतीक अहमद के निवास पर पहुंच गए। इसी मकान के एक हिस्से में फरार अशरफ रहता था। पुलिस बल ने उस हिस्से में कुर्की करते हुए खिड़की-दरवाजे उखाड़ लिए। माड्यूलर किचन से फर्नीचर उखाड़ लिया। सीओ के मुताबिक, पहले कुर्की हो चुकी थी इसलिए खिड़की-दरवाजे ही बचे थे। अशरफ पर ढाई लाख रुपये का पुरस्कार घोषित करने की संस्तुति हो चुकी है।