इलाहाबाद। पुलिस लाइन में रहने वाले लड़कों ने बुधवार की रात शराब पीकर ट्रैफिक पुलिस के सिपाहियों, होमगार्डों के साथ मारपीट की तो खामियाजा रोड पटरी के दुकानदारों को भुगतना पड़ा।
ट्रैफिक पुलिस लाइन के पास जिन गुमटियों के पास लड़के शराब पी रहे थे, उनको जबरन बंद करवा दिया गया। ट्रैफिक पुलिस के जवानों ने गुमटियों को पलटकर सामान बर्बाद कर दिया और दुकानदारों को जमकर पीटा भी। कुछ गुमटियों को उठवाकर ट्रैफिक पुलिस लाइन में पहुंचवा दिया।
पिटाई से बेहाल दुकानदारों ने एसएसपी से पूरे मामले की शिकायत की है। कहा कि पिटाई करने वाले ट्रैफिक पुलिस वालों को वह पहचान सकते हैं।
ट्रैफिक पुलिस लाइन के पास दुकान चलाने वाले बेली गांव के राकेश पांडेय का कहना है कि बुधवार की रात 11 बजे के आसपास शराब पीकर पुलिस लाइन के लड़कों ने ट्रैफिक पुलिस के सिपाहियों और होमगार्डों के साथ मारपीट की थी। यह वाकया दुकानों के बंद होने के बाद हुआ था।
दुकानों के बंद होने के बाद रात में अक्सर पुलिस लाइन के लड़के शराब पीते हैं और हंगामा करते हैं। इनसे दुकानदार भी परेशान थे। पुलिस वालों के बेटे सामान भी लूट लेते थे।
रात में पिटे ट्रैफिक पुलिस वालों के हाथ पुलिस लाइन के लड़के तो नहीं आए लेकिन बृहस्पतिवार दोपहर दो बजे उन्होंने पवन जायसवाल, शिवशंकर कुशवाहा, संदीप जायसवाल, राजकुमार मिश्रा, शंभू जायसवाल, विकास तिवारी, महेंद्र की चाय-नाश्ते एवं पान की गुमटियों पर गुस्सा निकाला।
10 की संख्या में आए ट्रैफिक पुलिस के सिपाहियों और होमगार्डों ने पहले दुकानदारों को पीटा फिर गुमटियों को पलट दिया। दुकानदारों का आरोप है कि गल्ले में रखे रुपये भी निकाल लिए गए। ट्रैफिक पुलिस के सिपाहियों का आरोप था कि दुकानदार पुलिस लाइन के लड़कों को बैठाकर शराब पिलाते हैं। दुकानदारों ने गुमटी और रुपये वापस दिलाने की मांग की है।