करछना के केशवुपर गांव के तिलखवार में शुक्रवार को दिल दहला देेने वाली वारदात सामने आई। यहां एक सात साल की मासूम बच्ची से दुराचार किया गया और फिर गला घोटकर हत्या करने के बाद उसकी लाश कुएं में फेंक दी गई। दो दिन से बच्ची की तलाश में जुटे परिवारवालों को बेटी की लाश मिलने की सूचना मिली तो उनके होश उड़ गए। आरोप है कि रिश्ते में बच्ची के फूफा लगने वाले एक व्यक्ति ने इस घिनौनी वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया है।
मूल रूप से वाराणसी के रामनगर का रहने वाला बच्ची का पिता परिवार के साथ करीब 15 दिन पहले करछना आया। यहां वह अपने जीजा झल्लू के साथ एक बगीचे में झोपड़ी बनाकर रहने लगा। यहां पूरा परिवार पत्तल बनाने और खेतों में मजदूरी का काम करने लगा। कुछ दूर पर ही झल्लू का भाई पप्पू रहता था। बुधवार शाम संदिग्ध हालात में सात वर्षीय बड़ी बेटी गायब हो गई। पहले घरवालों ने सोचा कि वह कुछ देर बाद लौट आएगी। काफी देर तक उसके वापस नहीं आने पर खोजबीन शुरू हुई। घरवाले पूरी रात और अगले दिन खोजबीन करते रहे लेकिन बच्ची का कुछ पता नहीं चला। इसके बाद पुलिस ने करछना थाने में सूचना दी जिसके बाद पुलिस भी बच्ची की तलाश में जुट गई।
परिवार के लोग खोजबीन में जुटे ही थे कि बगीचे से 250 मीटर दूर स्थित एक सूखे कुएं में किसी ने एक बच्ची की लाश देखी। खबर फैली तो कुछ ही देर में वहां गांव के लोग जुट गए। बच्ची के परिवारवाले भी पहुंचे। गांव का ही एक युवक कुएं में उतरा और शव रस्सी के सहारे बाहर ले आया। इसके बाद पता चला कि शव मासूम बच्ची का ही था। सूचना पर पुलिस पहुंची। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक बच्ची के शरीर से काफी मात्रा में खून भी बह रहा था। गले पर मौजूद निशान देखकर माना जा रहा है कि गला घोटकर उसकी हत्या की गई। बेटी का शव देखते ही मां-बाप बदहवास से हो गए। परिजनों ने आरोप लगाया कि रिश्ते में फूफा लगने वाले पप्पू ने ही उसकी बेटी के साथ दरिंदगी की और फिर हत्या करने के बाद उसका शव कुएं में फेंक दिया। एसपी यमुनापार दीपेंद्र नाथ चौधरी ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। उससे पूछताछ की जा रही है। परिजनों की तहरीर पर आरोपी के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया है।