ट्रेनों में चोरी-छिनैती करने वाले गिरोह के पांच अपराधियों को रेलवे पुलिस ने गिरफ्तार करने में कामयाबी हासिल की है। उनके कब्जे से बड़ी संख्या में मोबाइल फोन, लैपटॉप, बैटरी और चोरी के काम आने वाले उपकरण बरामद हुए हैं। ये बदमाश पहले भी ट्रेनों में लूट-चोरी में गिरफ्तार किए जा चुके हैं।
जीआरपी थाना प्रभारी मनोज सिंह मंगलवार शाम एसएसआई कैलाशपति सिंह और सिपाहियों के साथ प्लेटफार्म नंबर चार पर गश्त के लिए निकले थे तभी पूर्वी छोर की तरफ अंधेरे में चार लोग संदिग्ध हालत में खड़े दिखे। पुलिस टीम ने उन्हें घेरकर पकड़ लिया। तलाशी में उनके पास मौजूद बैग में 16 मंहगे मोबाइल फोन, एक लैपटॉप, 12 मोबाइल फोन बैटरियां, कटर और प्लास समेत कई औजार मिले। गिरफ्तार बदमाशों ने कुबूला कि वे ट्रेनों में चोरी-छिनैती करते रहे हैं। उनमें शाह आलम प्रतापगढ़ में मांधाता के रामपुर गांव, अभय प्रताप जेठारा में बाबूपुर गांव, सद्दाम मऊआइमा में मरखामई गांव और गुलजार सोरांव में ओहरपुर गांव का रहने वाला है। इन चारों से पूछताछ के बाद चोरी-छिनैती का माल खरीदने वाले कीडगंज में बारा खम्भा मुहल्ले के राहुल जायसवाल को भी गिरफ्तार कर लिया गया।
पूछताछ में पता चला कि गिरोह का सरगना गुलजार है। वह पिछले साल सरयू एक्सप्रेस में लूटपाट के मामले में गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। रिहा होने के बाद उसने नए सिरे से गिरोह गठित किया। यह गिरोह इलाहाबाद से प्रतापगढ़ रूट पर चलने वाली ट्रेनों में वारदात करता है। ये आमतौर पर स्टेशन के आऊटर पर ट्रेन रुकने पर बोगी में चढ़कर वारदात करते हैं। शाह आलम और अभय भी प्रतापगढ़ में गिरफ्तार कर जेल भेजे गए थे।