जिला न्यायालय ने पत्नी और दो मासूमों को मिट्टी का तेल डालकर जला देने के आरोपी राजेश उर्फ भइयन को उम्रकैद की सजा सुनाई है। उस पर दस हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। सजा का आदेश एडीजे सुदीप कुमार जायसवाल सुनाया। डीजीसी राम अभिलाष सिंह ने अभियुक्त के खिलाफ साक्ष्य प्रस्तुत किए।
अभियोजन के अनुसार मामला करेली थाना के आदमपुर मदारी गांव का है। घटना 25 मई 2016 की है। वादी संगम लाल निषाद ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसकी पुत्री स्वेता का विवाह राजेश उर्फ भइयन के साथ 2011 हुआ था। दहेज में गाड़ी और जंजीर की मांग को लेकर राजेश उनकी बेटी श्वेता को प्रताड़ित करता था। मांग पूरी न होने पर उसकी पुत्री को मिट्टी का तेल डाल कर जला दिया। श्वेता के साथ दो मासूम बच्चे दीपक(4) और शिवशंकर (01)की भी जलकर मौत हो गई।
अभियोजन ने नौ गवाह पेश किया। बचाव में कहा गया कि खाना बनाते समय तेल का गैलन गिर जाने से दुर्घटना हुई है। प्रस्तुत किए तीन गवाहों ने भी अभियोजन कथानक का समर्थन नहीं किया। कोर्ट ने इस घटना को दहेज हत्या का मामला नहीं माना। पेश किए गए साक्ष्य से जला कर मारने का आरोप साबित हुआ ।
खास बात यह है कि जहां मुकदमे के निस्तारण में काफी समय लग जाता है वहीं इस प्रकरण में अदालत ने घटना के एक साल के अंदर ही सुनवाई कर निर्णय दे दिया।